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खेल मंत्रालय ने कहा- नाडा का काम टीम इंडिया के क्रिकेटरों का परीक्षण करना नहीं

Sat, 10 Feb 2018 12:07 PM IST
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला
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टीम इंडिया
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ऐसा लगता है कि भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) टीम इंडिया के क्रिकेटरों के डोप टेस्ट में सरकार के हस्तक्षेप को रोकने में कामयाब हो गया है। खेल मंत्रालय ने क्रिकेट बोर्ड को राष्ट्रीय डोपिंग विरोधी एजेंसी (नाडा) के अंतर्गत लाने के प्रयास से अपने कदम पीछे खींच लिए हैं।

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मंत्रालय, बीसीसीआई और नाडा के बीच कई पत्र लिखे गए, जिसमें क्रिकेटरों का डोप टेस्ट नाडा द्वारा कराए जाने की बात की जा रही थी। अब मंत्रालय ने बीसीसीआई को मौजूदा प्रक्रिया को ही जारी रखने की इजाजत दी है। इसका मतलब यह हुआ कि स्वीडन आधारित प्राइवेट फर्म अंतर्राष्ट्रीय डोपिंग टेस्ट एंड मैनेजमेंट ही अब भारतीय क्रिकेटरों का डोप टेस्ट करेगा।

यह पूछने पर कि क्या मंत्रालय अभी भी वाडा और आईसीसी के मामले पर ध्यान दे रहा है तो खेल मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने शुक्रवार को कहा, 'मंत्रालय चाहता है कि प्रत्येक एथलीट का टेस्ट हो। फिर जो भी डोप टेस्ट कराए, उससे मंत्रालय को कोई आपत्ति नहीं है।'

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इस जानकारी से हो गया साफ

टीम इंडिया - फोटो : twitter
फिर एक वरिष्ठ अधिकारी ने सूचना दी कि मंत्रालय की कोई योजना नहीं है कि नाडा क्रिकेटरों का डोप टेस्ट कराए। खेल मंत्रालय ने बीसीसीआई से बातचीत इसलिए की ताकि भरोसा हो जाए कि क्रिकेटरों के सैंपल का कलेक्शन हो रहा है।

हाल ही में यह खुलासा हुआ था कि वाडा ने आईसीसी से बीसीसीआई को निर्देश देने के लिए कहा कि नाडा भारतीय क्रिकेटरों का डोप टेस्ट करे। संकट के बादल तब और गहराने लगे, जब नाडा की मान्यता खत्म होने की संभानाएं आ गईं थीं। बता दें कि नाडा को वाडा की मान्यता प्राप्त है। फिर नवंबर में राठौड़ ने कहा कि बीसीसीआई को नाडा पर विश्वास करना चाहिए।
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खेल मंत्री ने क्या कहा था

बाबा विश्वनाथ का दर्शन करने पहुंचे केंद्रीय सूचना और प्रसारण राज्यमंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौर।
राठौड़ ने कहा था, 'मुझे खुशी है कि क्रिकेटरों का डोप टेस्ट बाहरी एजेंसी से होता है। मगर जब राष्ट्रीय खेल इकाई और कुछ अन्य देश भी हमारी नाडा पर विश्वास करते हाँ तो क्रिकेटरों को भी ऐसा करना चाहिए।'

हालांकि, बीसीसीआई ने मंत्रालय के इस विचार को खारिज कर दिया और यह हवाला दिया कि वह स्वायत्त है और आईसीसी से मान्यता प्राप्त है। उसे वर्ल्ड बॉडी द्वारा लागू किए नियम व निर्देशों का पालन करने की जरुरत होगी।
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