ईशान ने फाइनल में बड़े स्कोर के पीछे टीम की रणनीति का खुलासा करते हुए कहा कि शुरुआत से ही बल्लेबाजों को खुलकर खेलने की आजादी दी गई थी। उन्होंने कहा, 'हम टूर्नामेंट को देखते हुए बड़े शॉट खेलने की सोच के साथ उतरे थे, भले ही विकेट गिरें। दुर्भाग्य से विराट सिंह जल्दी आउट हो गए, लेकिन हमारा लक्ष्य रन बनाते रहना था।'
कुशाग्र के साथ साझेदारी को बताया अहम
कप्तान ने कुमार कुशाग्र के साथ हुई 177 रनों की साझेदारी को बेहद अहम बताया। ईशान बोले, 'कुशाग्र ने दूसरे छोर से बेहतरीन बल्लेबाजी की। वह आत्मविश्वास के साथ रन बना रहे थे, जिससे मुझे खुलकर खेलने में मदद मिली।' ईशान किशन ने यह भी कहा कि टूर्नामेंट की शुरुआत में ही टीम के साथ चर्चा कर ली गई थी कि सभी बल्लेबाज सकारात्मक सोच के साथ खेलेंगे। उन्होंने आगे कहा, 'हमने शुरुआत में ही बात की थी कि बल्लेबाजों को आजादी देंगे और पॉजिटिव क्रिकेट खेलेंगे। पिच बल्लेबाजी के लिए काफी अच्छी थी, खासकर पहली पारी में और इसी का हमें फायदा मिला।'