शाहिद अफरीदी
शाहिद अफरीदी ने अपनी ऑटोबायोग्राफी गेम चेंजर में उस विशेष शतक का जिक्र किया है। यह बड़ा रोचक किस्सा है कि आखिर नैरोबी में अफरीदी के पास सचिन का बल्ला कैसे पहुंचा? अफरीदी ने अपनी किताब में लिखा “.. लेकिन आप सोचिए कि वकार ने उस बैट को सियालकोट ले जाने से पहले क्या किया? उन्होंने वह बल्ला मुझे दिया और मैंने उससे बल्लेबाजी की। नैरोबी में जो पहला शतक मैंने जड़ा, वह सचिन के बल्ले से बनाया। दरअसल सचिन ने वकार यूनुस को अपना बैट दिया था, जिससे यूनुस सियालकोट में उसी तरह का एक और बैट बनवा सके।