टीम इंडिया के वनडे और टी-20 के उप-कप्तान रोहित शर्मा के लिए सबकुछ ठीक नहीं चल रहा है। यूएई में अपनी टीम मुंबई इंडियंस को रिकॉर्ड पांचवीं बार विजेता बनाने के बाद रोहित ऑस्ट्रेलिया दौरे पर नहीं गए और मुंबई लौट आए। इसे लेकर कई तरह की अटकलें लगाई गई। वहीं उनके ऑस्ट्रेलिया दौरे पर नहीं जाने के लिए उनकी फिटनेस और चोट को कारण बताया गया। हालांकि अब अंग्रेजी चैनल टाइम्स नाउ ने एक वरिष्ठ खेल पत्रकार बोरिया मजूमदार के हवाले से बताया है कि रोहित के पिता कोरोना पॉजिटिव निकले थे इसलिए उन्हें मुंबई आना पड़ा था।
मजूमदार के मुताबिक रोहित अगर टेस्ट सीरीज में नहीं खेलना चाहते तो मुंबई में रह सकते थे और उन्हें एनसीए जाने की जरूरत नहीं थी। वह मुंबई में अपने परिवार के साथ समय बिता सकते थे। यह कहने का कोई मतलब नहीं बनता कि रोहित टेस्ट क्रिकेट नहीं खेलना चाहते हैं।
आईपीएल खत्म होने के बाद ऐसी उम्मीद थी कि रोहित टेस्ट टीम का हिस्सा बनेंगे लेकिन मंगलवार को वो उम्मीद भी खत्म हो गई जब बीसीसीआई ने ये साफ कर दिया कि वे ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ शुरू के दो टेस्ट मैच नहीं खेल पाएंगे। रोहित को आईपीएल के दौरान हैमस्ट्रिंग की समस्या हुई थी, जिसके लिए वे यूएई से सीधा मुंबई और फिर बंगलूरू के एनसीए चले गए।
दरअसल रोहित के लिए चीजें तब और मुश्किल हो गई जब वे समय से ठीक नहीं हो पाए और ऑस्ट्रेलिया के 14 दिन क्वारंटीन नियमों की वजह से उन्हें शुरुआती दो टेस्ट मुकाबलों से बाहर होना पड़ा। उधर बीसीसीआई सूत्रों के मुताबिक रोहित को यूएई से सीधे ऑस्ट्रेलिया जाना था जहां वे टेस्ट सीरीज से पहले फिट हो जाते और अपने क्वारंटीन अवधि को भी पूरा कर लेते। लेकिन ऐसा नहीं हुआ और रोहित ऑस्ट्रेलिया की बजाय भारत लौट आए।