खेल मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने रविवार को वादा किया कि 2022 एशियाई और राष्ट्रमंडल खेलों के संभावित खिलाड़ियों के लिए सहायता राशि का समर्थन जारी रहेगा, हालांकि सभी का ध्यान अब तोक्यो 2020 ओलंपिक पर लगा होगा।
राठौड़ ने कहा, 'मैं जानता हूं कि अगले दो वर्षों में खिलाड़ियों का ध्यान 2020 ओलंपिक पर लगा होगा लेकिन इनमें से काफी ऐसे हैं जो आगामी ओलंपिक के लिये संभावित पदक दावेदार नहीं होंगे। लेकिन वे अगले एशियाई और राष्ट्रमंडल खेलों के लिये संभावित पदक दावेदार होंगे।'
उन्होंने कहा, 'पहले इन खिलाड़ियों को दी जाने वाली सहायता राशि रोक दी जाती थी लेकिन अब हम इसमें बदलाव कर रहे हैं। यह मेरे लिये बड़ी चुनौती है कि एशियाई खेलों, राष्ट्रमंडल खेलों के लिये पदक संभावित खिलाड़ियों के लिये मदद जारी रहे। मैं अपना सर्वश्रेष्ठ कर रहा हूं, कोष जुटाने के लिये कोरपोरेट से बात कर रहा हूं जो खेलों के प्रति जुनूनी हैं।'
राठौड़ यहां भारतीय ओलंपिक संघ द्वारा एशियाई पदकधारियों के लिये सम्मान समारोह में बोल रहे थे। उन्होंने यह भी आश्वस्त किया कि मंत्रालय की ओर से किसी तरह की दफ्तरशाही नहीं होगी और मदद के लिये किसी भी अपील को ठुकराया नहीं जायेगा।
उन्होंने कहा, 'चीजें बदलेंगी, मैं यह नहीं कहूंगा कि इसमें तेजी आयेगी लेकिन मैं आश्वस्त कर सकता हूं कि बदलाव की रफ्तार अच्छी होगी, जितनी हम कर सकते हैं। आपने पहले ही अंतर देख लिया होगा और आप आगे भी काफी बदलाव देखेंगे। बस अपने खेल पर ध्यान लगाइए।'