गौरतलब है कि मंगलवार को भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी बीसीसीआई के एक अधिकारी ने इस बात से साफ इनकार कर दिया है कि भारतीय टीम किसी भी कीमत पर पाकिस्तान क्रिकेट खेलने नहीं जाएगी। पाकिस्तान को अगर एशिया कप आयोजित कराना है तो वे किसी तटस्थ स्थल का इंतजाम करे। भारत ने साल 2018 में भी ऐसा ही किया था।
बता दें कि भारत ने 2008 से पाकिस्तान का दौरा नहीं किया है जबकि उसने राजनीतिक और कूटनीतिक संबंधों के कारण 2007 से पाकिस्तान के साथ पूर्ण द्विपक्षीय द्विपक्षीय श्रृंखला नहीं खेली है। पाकिस्तान ने सीमित ओवरों की श्रृंखला खेलने के लिए 2012 में भारत का दौरा किया था।
पीसीबी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी वसीम खान ने यह भी संकेत दिया कि अगर पाकिस्तान घर में पूर्ण टूर्नामेंट आयोजित नहीं कर सकता है तो वह अपने मेजबानी अधिकारों को वापस लेने को तैयार है।