पीसीबी अध्यक्ष नकवी और बीसीसीआई अध्यक्ष बिन्नी
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पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) ने सोमवार को सभी केंद्रीय अनुबंधित और अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों के लिए राष्ट्रीय प्रतिबद्धताओं से मुक्त होने पर सत्र के दौरान कम से कम एक घरेलू टूर्नामेंट खेलना अनिवार्य कर दिया है। पीसीबी बीसीसीआई के नक्शेकदम पर चल रहा है। ऐसा इसलिए क्योंकि बीसीसीआई सचिव रहते हुए जय शाह ने पिछले साल भारत के सीनियर क्रिकेटरों के लिए घरेलू टूर्नामेंट खेलना अनिवार्य कर दिया था। तब बीसीसीआई ने कहा था कि यही राष्ट्रीय टीम में चयन का आधार होगा। अब पीसीबी ने भी बीसीसीआई की नकल करते हुए उसी नक्शेकदम पर चलना शुरू कर दिया है। अब जय शाह आईसीसी अध्यक्ष हैं।
मोहसिन नकवी ने क्या कहा?
पीसीबी का मानना है कि खिलाड़ियों की गुणवत्ता में सुधार का एकमात्र तरीका घरेलू ढांचे को और अधिक प्रतिस्पर्धी बनाना है। बैठक की अध्यक्षता करने वाले पीसीबी के अध्यक्ष मोहसिन नकवी ने कहा कि इससे घरेलू खिलाड़ियों और युवाओं को अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों के साथ खेलने और उनके साथ ड्रेसिंग रूम साझा करने का मौका मिलेगा। उन्होंने कहा, 'इससे घरेलू खिलाड़ियों को लंबे समय में फायदा होगा और वे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर किसी भी तरह के मौके के लिए तैयार रहेंगे।'
माइक हेसन भी बैठक में शामिल हुए
बैठक में पाकिस्तान के नए सीमित ओवर के कोच माइक हेसन, टी20 टीम के कप्तान सलमान अली आगा, अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मामलों के प्रमुख उस्मान वाहला और राष्ट्रीय क्रिकेट अकादमी के निदेशक आकिब जावेद शामिल हुए। पीसीबी ने 2025-26 के लिए नए केंद्रीय अनुबंध जारी करने और 30 जुलाई की समय सीमा को पूरा करने का भी फैसला किया। पीसीबी इसमें पिछले दो वर्षों में चूक गया था।
चैंपियंस कप को रद्द किया गया
पीसीबी ने पिछले साल चैंपियंस कप के नाम से नई प्रथम श्रेणी, वनडे और टी20 प्रतियोगिताएं शुरू कीं और यहां तक कि सभी पांच टीमों के लिए भारी वेतन पर पांच मेंटर भी नियुक्त किए, लेकिन आने वाले घरेलू सत्र के लिए चैंपियंस कप को रद्द करने का फैसला किया। उस्मान वाहला ने अगले छह महीनों के लिए दक्षिण अफ्रीका और श्रीलंका के खिलाफ घरेलू सीरीज और वेस्टइंडीज और बांग्लादेश के दौरे सहित अंतरराष्ट्रीय प्रतिबद्धताओं की भी पुष्टि की।