इस बीच, पाकिस्तान के पूर्व कप्तान और कमेंटेटर, रमीज राजा ने चुटीले अंदाज में उस हिस्से का वर्णन किया, जहां अंपायर्स गेंद को साफ करने में इस तरह से डर रहे थे मानो वह कोई हैंड ग्रेनेड हो। रमीज ने कहा कि कोरोना महामारी के दौर में किसी भी श्रृंखला के दौरान आईसीसी को खिलाड़ियों के बीच जाकर सारे नियमों को बताना चाहिए।
याद हो कि जानलेवा कोरोना वायरस महामारी के चलते लंबे समय तक क्रिकेट गतिविधियां ठप थी। बाद में नए गाइडलाइन और नियमों के साथ इंग्लैंड और वेस्टइंडीज के बीच टेस्ट सीरीज से खेल की वापसी हुई थी। खिलाड़ियों को गेंद चमकाने के लिए परंपरागत लार के इस्तेमाल से रोका गया और दोषी पाए जाने पर पांच रन की पेनल्टी का भी प्रावधान रखा गया।
वैसे यह कोई पहला मौका नहीं है जब किसी पाकिस्तानी खिलाड़ी ने कोरोना गाइडलाइन को तोड़ा हो। वेस्टइंडीज के बाद अगस्त में इंग्लैंड दौरे पर गई पाकिस्तानी टीम के मोहम्मद आमिर को भी लार के इस्तेमाल के बाद चेतावनी देकर छोड़ा गया था। ओल्ड ट्रैफर्ड में खेले गए पहले टी-20 में उनसे यह चूक हुई थी।