रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (आरसीबी) के नवनियुक्त कप्तान रजत पाटीदार ने नई जिम्मेदारी मिलने के बाद खिलाड़ियों के समर्थन पर जोर दिया है। उन्होंने साथ ही स्टार बल्लेबाज विराट कोहली से सीखने और उनके कप्तानी के अनुभव से मदद मिलने की उम्मीद जताई है। आरसीबी ने गुरुवार को पाटीदार को आगामी सीजन से पहले टीम का कप्तान नियुक्त किया था। पाटीदार फाफ डुप्लेसिस की जगह लेंगे।
पाटीदार के पास कप्तानी का अनुभव
रजत पाटीदार शुरुआत से ही कप्तान बनने की दौड़ में शामिल थे। पाटीदार उन चुनिंदा खिलाड़ियों में शामिल हैं जिन्हें फ्रेंचाइजी ने आगाजी सीजन के लिए रिटेन किया था। पाटीदार के पास सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी और विजय हजारे ट्रॉफी में मध्य प्रदेश की कप्तानी करने का अनुभव है। 31 वर्षीय पाटीदार ने मध्य प्रदेश को अपनी कप्तानी में सैयद मुश्ताक अली टी20 ट्रॉफी के फाइनल में पहुंचाया था, लेकिन टीम को खिताबी मुकाबले में मुंबई से पांच विकेट से हार का सामना करना पड़ा था।
पाटीदार बोले - कोहली से सीखने का अवसर
पाटीदार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, मैं मुकाबलों की स्थिति से वाकिफ हूं। इसलिए मुझे लगता है कि अपने खिलाड़ियों का समर्थन करना और हर परिस्थितियों में उनके साथ खड़े रहना और ऐसा माहौल देना महत्वपूर्ण है जहां वे सहज और आत्मविश्वास से भरा महसूस करें। हमारे पास नेतृत्वकर्ताओं का एक समूह है, जहां उनके अनुभव और विचार निश्चित रूप से मेरी नई नेतृत्व भूमिका में मदद करेंगे और एक व्यक्ति के रूप में भी प्रगति करने में मदद करेंगे। यह मेरे लिए क्रिकेट के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों में से एक कोहली से सीखने का शानदार अवसर है।
कप्तानी मिलने के संकेत मिले थे
पाटीदार ने कहा, मुझे लगता है कि उनके विचार और अनुभव निश्चित रूप से कप्तान की भूमिका में मेरी मदद करेंगे। मैंने उनके साथ बहुत सारी बल्लेबाजी साझेदारियां की हैं। मैं उन्हें बहुत अच्छी तरह से जानता हूं। हम इस साझेदारी का भी इंतजार कर रहे हैं। पिछले साल, मुझे लगता है कि मैंने और आरसीबी के क्रिकेट निदेशक मो बोबट ने कप्तानी के बारे में बात की थी। मो ने मुझसे पूछा, क्या आप कप्तानी करने में रुचि रखते हैं? मैंने उनसे कहा कि आरसीबी की कप्तानी करने से पहले मैं राज्य टीम की कप्तानी करना चाहूंगा। मुझे वहां से संकेत मिला कि मुझे कप्तानी मिल सकती है। इसलिए जब मुझे जानकारी मिली कि विराट या मैं कप्तानी कर सकते हैं तो मैं इससे बहुत खुश हुआ।