न्यूजीलैंड के पूर्व सलामी बल्लेबाज मार्टिन गुप्टिल ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लेने के एक दिन बाद अपने फैसले पर बड़ा बयान दिया है। गुप्टिल ने जिस तरह अपने करियर को समाप्त किया उससे वह काफी निराश हैं और उनका कहना है कि वह अभी न्यूजीलैंड क्रिकेट को काफी कुछ दे सकते थे। गुप्टिल ने अक्तूबर 2022 से न्यूजीलैंड के लिए कोई मैच नहीं खेला था और आखिरकार उन्होंने बुधवार को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास का फैसला ले लिया था।
38 साल के गुप्टिल ने 2009 में डेब्यू किया था। गुप्टिल ने तीनों प्रारूप मिलाकर न्यूजीलैंड के लिए कुल 367 मैच खेले हैं। न्यूजीलैंड के लिए खेलने वाले सीमित ओवरों के सबसे प्रतिभाशाली खिलाड़ियों में से एक गुप्टिल ने 198 वनडे में 18 शतक और 39 अर्धशतक समेत 7346 रन बनाए हैं। उन्होंने न्यूजीलैंड के लिए 122 वनडे में 3531 रन बनाए जिसमें दो शतक और 20 अर्धशतक शामिल हैं।
अपने डेब्यू वनडे मैच में जड़ा था शतक
गुप्टिल न्यूजीलैंड के पहले ऐसे बल्लेबाज हैं जिन्होंने अपने पहले वनडे मैच में शतक लगाया है। उन्होंने यह उपलब्धि 2009 में वेस्टइंडीज के खिलाफ हासिल की थी। उस साल के अंत में वह आईसीसी की वर्ल्ड वनडे एकादश में जगह बनाने में सफल रहे थे। गुप्टिल ने अपने करियर में कई शानदार पारियां खेली हैं जिसमें 2015 विश्व कप के क्वार्टर फाइनल में वेस्टइंडीज के खिलाफ खेली 237 रनों की रिकॉर्ड पारी भी शामिल है। यह विश्व कप में किसी बल्लेबाज का निजी सर्वोच्च स्कोर है और वह न्यूजीलैंड के पहले ऐसे बल्लेबाज हैं जिन्होंने वनडे में दोहरा शतक लगाया है। गुप्टिल ने 2013 में इंग्लैंड के खिलाफ नाबाद 189 रन और 2017 में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ नाबाद 180 रन की पारियां खेली थी।
गुप्टिल ने कहा, मैने हालात को देखकर फैसला लिया। मैं अभी न्यूजीलैंड क्रिकेट को बहुत कुछ दे सकता था। मैं निराश हूं जिस तरह से मुझे संन्यास लेना पड़ा लेकिन आगे तो बढ़ना है। मेरे जीवन का सबसे गौरव वाला पल था जब मुझे ब्लैक कैप मिली। मुझे पांचवें नंबर पर बल्लेबाजी का मौका मिला लेकिन मैं शीर्ष पर फिर जाना चाहता था। मुझे कोई मलाल नहीं है। मैने पूरी कोशिश की और खेल का पूरा मजा लिया।