न्यूजीलैंड के क्रिकेटर टिम सीफर्ट मंगलवार को भावुक हो गए। कोरोना से ठीक होकर वापस स्वदेश लौटे से सेफर्ट ने कोरोना संक्रमण के दौरान का अनुभव साझा किया है। इस विकेटकीपर बल्लेबाज ने कहा कोरोना पॉजिटिव पाए जाने के बाद ऐसा लगा जैसे दुनिया थम सी गई है। बता दें कि सीफर्ट बीमारी से उबरने के बाद न्यूजीलैंड वापसी पर यहां 14 दिन के अनिवार्य पृथकवास पर हैं। स्वदेश लौटने के 24 घंटे पहले वायरस से संक्रमित होने के कारण उन्हें लीग स्थगित किए जाने के बावजूद भारत में रुकना पड़ा था।
सभी के वापस लौटने के बाद मेरा दिल टूट गया
सीफर्ट ने 'न्यूजीलैंड हेरल्ड' से कहा, 'मुझे अलग थलग कर दिया गया और बताया गया कि मेरा परीक्षण पॉजिटिव आया है। सभी के वापस लौटने के बाद मेरा दिल टूट गया। पूरे टूर्नामेंट में से मैं केवल अकेला विदेशी खिलाड़ी था जो भारत में था। तब चीजें थोड़ी वास्तविक हो गई थी।' उन्होंने कहा, 'ऐसा लगा कि जैसे दुनिया थम गई है। मैं वास्तव में नहीं सोच पा रहा था कि आगे क्या होगा और यह इसका डरावना पक्ष था। आप कई चीजों के बारे में सुनते हैं और मुझे लगा कि ऐसा मेरे साथ भी होने वाला है।'
बायो बबल में अच्छा लगा
सीफर्ट ने आगे कहा, 'आईपीएल से पहले वहां मौजूद इंग्लैंड के खिलाड़ियों से बात की थी और उन्होंने बताया कि सब कुछ अच्छा है। हमने सब अच्छी चीजें ही सुनी जिनमें टूर्नामेंट के लिए की गई तैयारियां भी शामिल थी।' उन्होंने कहा, 'यह किसी भी खिलाड़ी के लिए वहां जाने के लिए अच्छा माहौल था और ईमानदारी से कहूं तो मैं जितने समय भी वहां (भारत में) रहा, बायो बबल में अच्छा लगा। मैं वहां सुरक्षित महसूस कर रहा था।'
इनका आभारी हूं
सीफर्ट ने चेन्नई में उपचार के दौरान उन्हें सहज बनाए रखने में मदद करने के लिए न्यूजीलैंड के पूर्व दिग्गजों ब्रेंडन मैकुलम और स्टीफन फ्लेमिंग के अलावा केकेआर और चेन्नई सुपर किंग्स फ्रेंचाइजी का भी आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा, 'यह निश्चित तौर पर मुश्किल समय था। मैं ब्रैंडन मैकुलम और स्टीफन फ्लेमिंग का आभार व्यक्त करता हूं, जिन्होंने चीजों का आसान बनाने में मदद की।' बता दें कि सीफर्ट कोलकाता नाइट राइडर्स (केकेआर) की टीम का हिस्सा थे।