कोरोना वायरस को लेकर स्थितियों को नियंत्रण में रखने के लिए खेल मंत्रालय ने गुरुवार को देश में सभी तरह के खेल आयोजनों, प्रतियोगिताओं और ट्रायल पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी। खेल मंत्री किरन रिजिजू ने घोषणा की है कि 15 अप्रैल तक कोई भी खेल संघ किसी तरह की खेल गतिविधि को संचालित नहीं कर सकेगा।
सिर्फ ओलंपिक की तैयारियों में जुटे खिलाडिय़ों को बंद दरवाजों में ट्रेनिंग की इजाजत होगी। यही नहीं इन खिलाडियों और इनके सपोर्ट स्टाफ से किसी भी बाहरी के मिलने पर पाबंदी लगा दी गई है। खेल मंत्री के इस आदेश के बाद एथलेटिक फेडरेशन ऑफ इंडिया ने 20 और 25 मार्च को पटियाला में होने वाली इंडियन ग्रांप्री और 10 अप्रैल से होने वाले फेडरेशन कप को रद्द कर दिया है। वहीं एनआरएआई ने भी कर्णी सिंह शूटिंग रेंज में चल रहे शॉटगन ट्रायल को रद्द कर दिया।
इंडियन ग्रांप्री, ट्रायल के चलते उठाना पड़ा कदम
खेल मंत्रालय को यह कदम एएफआई की ओर से कराई जाने वाली इंडियन ग्रांप्री और एनआरएआई की ओर से कराए जा रहे ओलंपिक ट्रायल के चलते उठाना पड़ा। खेल मंत्री किरन रिजिजू ने साफ किया कि ओलंपिक की तैयारियों में किसी तरह की छेड़छाड़ नहीं की जाएगी, लेकिन सिर्फ ओलंपिक के दावेदारों को ही कैंप में रहने की इजाजत होगी। अमर उजाला ने रविवार को ही बता दिया था कि ओलंपिक की तैयारियां बंद दरवाजों में होंगी।
बाहर से आने वाले खिलाड़ी रहेंगे एकांतवास में
खेल मंत्री ने यह भी साफ किया है कि जो भी खिलाड़ी बाहर से आ रहा है। उसे 14 दिनों के खुद के एकांतवास में जाना जरूरी है। ओलंपिक की तैयारियों में जुटे खिलाडिय़ों को कैंप में ही खुद के एकांतवास में रखा जाएगा।
वेटलिफ्टिंग संघ ने बंद किया ऑफिस
भारतीय ओलंपिक संघ की ओर से ऑफिस बंद किए जाने की घोषणा के बाद भारतीय वेटलिफ्टिंग संघ ने भी गुरुवार से अपना ऑफिस बंद कर दिया। संघ के सेक्रेटरी जनरल सहदेव यादव के मुताबिक सारा घर से होगा। यही नहीं एनआईएस पटियाला में चल रहे कैंप में लिफ्टरों की संख्या घटाकर आठ किया जा रहा है। ओलंपिक में खेलने के दावेदार मीराबाई चानू, राखी हलधर, जेरमी लालरिनुनगा को बाकी लिफ्टर कैंप में तैयारियां कराएंगे।