धोनी को पिछली बार इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के 15वें संस्करण के दौरान एक्शन में देखा गया था। उन्होंने 2017 में भारत के सभी प्रारूप के कप्तान के रूप में पद छोड़ दिया था, लेकिन एक लीडर के तौर पर चेन्नई सुपर किंग्स के लिए गेम-चेंजर बने रहे। आईपीएल 2022 की शुरुआत में धोनी ने सीएसके की कप्तानी भी छोड़ दी थी और रवींद्र जडेजा को कप्तान बनाया गया था। हालांकि, बीच टूर्नामेंट में रवींद्र जडेजा को कप्तानी से हटाकर धोनी एकबार फिर कप्तान बने।
वहीं, कपिल देव 1983 में लॉर्ड्स में वनडे विश्व कप जीतने वाली भारतीय टीम के कप्तान रहे हैं। वह आईसीसी ट्रॉफी जीतने वाले पहले भारतीय कप्तान बने। 1983 वर्ल्ड कप के फाइनल में भारत ने दो बार के विजेता वेस्टइंडीज को 43 रनों से हराया था। उन्होंने 1994 में लगभग 700 अंतरराष्ट्रीय विकेट और 9000 से अधिक रन के साथ अपने करियर का अंत किया।
धोनी खेल के इतिहास में एकमात्र ऐसे कप्तान भी हैं जिन्होंने तीन आईसीसी ट्रॉफी- टी 20 विश्व कप (2007), वनडे विश्व कप (2011) और चैंपियंस ट्रॉफी (2013) जीती हैं। धोनी के नेतृत्व में ही भारत खेल के टेस्ट और वनडे दोनों प्रारूपों में पहले स्थान पर पहुंचा। धोनी ने हाल ही में बताया था की कि कैसे वह मैदान पर तनावपूर्ण परिस्थितियों में ज्यादा निराश और गुस्से में आए बिना संयमित रहने में कामयाब रहते थे।
बात करें कपिल देव-ग्रांट थ्रॉन्टन इन्वीटेशनल 2022 गोल्फ टूर्नामेंट की तो अहमदाबाद के वरुण पारिख ने खिताब अपने नाम किया। उन्होंने फाइनल राउंड में सनसनीखेज फाइव-अंडर 67 का स्कोर बनाया। वरुण के अंतिम दौर के प्रयास ने उन्हें डीएलएफ गोल्फ एंड कंट्री क्लब में पांच-शॉट की जीत दिलाई। उनका कुल स्कोर 11-अंडर 277 था। 24 वर्षीय पारिख ने इस साल की शुरुआत में पीजीटीआई क्वालिफाइंग स्कूल जीता था और पिछले महीने पीजीटीआई में करियर का सर्वश्रेष्ठ तीसरा स्थान हासिल किया था।
धोनी ने पारिख को सम्मानित किया
इस तरह पारिख ने इस सीजन में अपना फॉर्म जारी रखा। वरुण को इनाम के रूप में 15 लाख रुपये का चेक प्राप्त हुआ। साथ ही वह पीजीटीआई ऑर्डर ऑफ मेरिट में 28वें से चौथे स्थान पर पहुंच गए। गुरुग्राम के मनु गंडास दूसरा स्थान हासिल किया। इस तरह वे पीजीटीआई की मेरिट सूची में तीसरे से दूसरे स्थान पर आ गए। साथ ही कार्तिक शर्म तीसरा स्थान हासिल किया। पारिख को धोनी ने जैकेट पहनाकर सम्मानित भी किया।