12 साल की उम्र में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण करने वाली क्रिकेटर माहिका गौर ने शुक्रवार को दूसरी बार अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण कर इतिहास रच दिया। पहले यूएई की लिए खेलने वाली महिका ने अब इंग्लैंड के लिए अपने अंतरराष्ट्रीय करियर की शुरुआत की है। श्रीलंका के खिलाफ टी20 मैच में महिका ने चमारी अटापट्टू को विकेटकीपर के हाथों कैच कराया। हालांकि, बारिश से बाधित मैच में वह अपना पूरा रंग नहीं दिखा सकीं, लेकिन अंत के ओवरों में भी उन्होंने अपनी गेंदबाजी से प्रभावित किया। अगर बारिश ने खेल में खलल नहीं डाला होता, तो महिका को और अधिक विकेट मिल सकते थे।
पहले बल्लेबाजी करते हुए, इंग्लैंड ने बोर्ड पर 186 रन बनाए, जिसमें डेनिएल यॉट और एलिस कैप्सी प्रमुख रन-स्कोरर रहीं। लक्ष्य का पीछा करते हुए श्रीलंका का स्कोर छह ओवर में 55/3 था, तभी बारिश के कारण मैच रुक गया। डकवर्थ लुईस नियम से इंग्लैंड ने 12 रन से मैच अपने नाम किया।
मैच के बाद इंग्लैंड की कप्तान हीथर नाइट ने छह फीट तीन इंच लंबी महिका की जमकर तारीफ की। नाइट ने कहा, "माहिका अपने डेब्यू में शानदार थीं। बारिश के बाद उसे डेथ ओवर में उन्होंने अपनी योजना को पूरी तरह से अंजाम दिया। लंबे कद के कारण उनकी गेंद काफी देर से स्विंग होती है, यह उन्हें और घातक गेंदबाज बनाती है।"
एमएस धोनी और मिचेल स्टार्क को अपना आदर्श मानने वाली महिका पहले ही एक बेहतरीन तेज गेंदबाज बनने की दिशा में एक कदम आगे बढ़ा चुकी हैं। लेकिन, वह भी एक दिन माही की तरह मैच खत्म करना चाहती है।
कौन हैं माहिका गौर?
इंग्लैंड के दक्षिण में रीडिंग में जन्मी महिका ने 2011 में जयपुर में एक आईपीएल मैच के बाद एक पेशेवर क्रिकेट खिलाड़ी बनने का फैसला किया। गौर ने इस साल अप्रैल में कहा था, "मैं बगीचे में गेंदबाजी का अभ्यास कर रही थी। मुझे लगता है कि मेरे पिता इस बात से आश्चर्यचकित थे कि मैं चकिंग के बिना अपना हाथ पूरी तरह घुमा सकती हूं। मेरे पिता भी कॉलेज में वह बाएं हाथ के गेंदबाज थे, लेकिन उन्हें कभी क्रिकेट खेलने का मौका नहीं मिला। लेकिन जब उन्होंने देखा कि मुझमें क्षमता है, तो उन्होंने इस खेल में करियर बनाने में हमेशा मेरा साथ दिया।"
जब माहिका का परिवार दुबई चला गया, तो उन्होंने आईसीसी अकादमी में दाखिला लिया और संयुक्त अरब अमीरात की भावी कप्तान छाया मुगल से मुलाकात की। उन्होंने कहा "जब मैं पहली बार आईसीसी (अकादमी) में गई, तो घर के अंदर अभ्यास कर रही थी और वहां कोच अदनान (साबरी) सर ने कहा कि मैं उन्हें (छाया को) गेंदबाजी कर सकती हूं। मैं लूपी फुलटॉस गेंद कर रही थी और वह उनका बचाव कर रही थीं। वह पहली व्यक्ति थी जिसे मैंने गेंदबाजी की थी और मैं आश्चर्यचकित थी। मेरे पिता ने मुझे बताया कि वह यूएई की राष्ट्रीय टीम से हैं - यह बहुत अच्छा था।"
इंग्लैंड के लिए डेब्यू करने के बाद माहिका ने कुल 20 टी20 मैच खेले हैं, जिसमें उन्होंने कुल 10 विकेट लिए हैं। इस दौरान उनका सबसे बेहतरीन प्रदर्शन 21 रन देकर तीन विकेट रहा है।