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KKR को हराकर फिर नंबर वन बनना चाहेगी धोनी बिग्रेड

Mon, 27 Apr 2015 05:21 PM IST
अमर उजाला, दिल्ली
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मंगलवार को चेन्नई में होने वाले आईपीएल-8 के 28वें मुकाबले में चेन्नई सुपर किंग्स का लक्ष्य कोलकाता नाइट राइडर्स को हराकर एक बार फिर नंबर वन की कुर्सी हथियाने की होगी।
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जीत की जबरदस्त लहर पर सवार चेन्नई सुपरकिंग्स की टीम उतार-चढ़ाव भरा प्रदर्शन कर रही मौजूदा चैंपियन कोलकाता नाइटराइडर्स के खिलाफ मैदान पर उतरेगी।

अंक तालिका में दूसरे स्थान पर काबिज चेन्नई का इरादा जहां इस मुकाबले में जीत हासिल कर अंक तालिका में शीर्ष पर पहुंचने का होगा, वहीं कोलकाता की निगाहें दोबारा जीत की पटरी पर लौटने पर होंगी।

हालांकि आईपीएल में हुए मुकाबलों को देखें तो पलड़ा निश्चित रूप से धोनी के धुरंधरों का भारी है। चेन्नई ने कुल 14 आपसी मुकाबलों में से दस में कोलकाता को मात दी है।
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चेन्नई में इन दोनों टीमों के बीच कुछ छह मुकाबले हुए, जिनमें से मेजबान टीम ने 4 में जीत दर्ज की। अंक तालिका में तीसरे नंबर पर मौजूद गौतम गंभीर की अगुआई वाली कोलकाता नाइटराइडर्स ने छह मैचों में से 3 में जीत दर्ज की।

जिसमें उसे दो में उसे हार मिली और एक मैच बारिश के कारण नहीं खेला जा सका। वहीं चेन्नई ने अब तक खेले छह मैचों में पांच में जीत दर्ज की, जबकि एक में उसे हार मिली।

चेन्नई ने अपने पिछले मुकाबले में पिछले साल की उपविजेता किंग्स इलेवन पंजाब को 97 रन की जोरदार शिकस्त दी थी। टीम इस समय तीनों विभागों में जबरदस्त प्रदर्शन कर रही है।

ब्रेंडन मैककुलम और ड्वेन स्मिथ जैसे ओपनरों के बाद सुरेश रैना, महेंद्र सिंह धोनी, डु प्लेसिस, ड्वेन ब्रावो और रविंद्र जडेजा के मजबूत कंधों पर मध्यक्रम की जिम्मेदारी है।

वहीं तेज गेंदबाजी का जिम्मा आशीष नेहरा ने बखूबी संभाल रखा है। ईश्वर पांडेय, मोहित शर्मा और ब्रावो उनका अच्छा साथ दे रहे हैं। वहीं स्पिनर आर अश्विन का तोड़ इस सत्र में तलाश नहीं जा सका है।

वहीं केकेआर का पिछला मैच राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ था जो बारिश के कारण नहीं खेला जा सका। दोनों टीमों को एक-एक अंक से संतोष करना पड़ा।

टीम के बल्लेबाज अभी तक एकजुट प्रदर्शन नहीं कर सके हैं। ऐसे में गेंदबाजों पर अधिक जिम्मेदारी है, लेकिन सुनील नारायन के एक्शन पर एक बार फिर सवाल उठने के बाद यह विभाग भी कुछ हद तक कमजोर हुआ है। हालांकि मोर्ने मोर्केल और उमेश यादव ने अच्छा प्रदर्शन किया है और इस बार भी जिम्मेदारी उन्हीं के कंधों पर होगी।
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