मेहमान इंग्लैंड टीम से पांच वनडे सीरीज के पहले मुकाबले में 9 रन से हार के बाद टीम इंडिया की चुनौती दूसरे वनडे को जीतने की होगी। भारत अगर दूसरा वनडे भी हार जाता है तो उसे सीरीज में वापसी बहुत मुश्किल होगी। सीरीज का दूसरा वनडे कोच्चि में मंगलवार को खेला जाएगा। पहले वनडे में टीम इंडिया ने 326 रनों के लक्ष्य का पीछा बहादुरी से किया। हालांकि भारत को हार मिली लेकिन टीम के बल्लेबाजों ने फॉर्म वापसी के संकेत दे दिए।
भारतीय टीम ने पहले मुकाबले में अंत तक संघर्ष किया था लेकिन जीत तक नहीं पहुंच सकी थी। टेस्ट सीरीज में भारत को शिकस्त दे चुका इंग्लैंड वनडे सीरीज में 1-0 की बढ़त ले चुका है। टीम इंडिया के लिए अब जरूरी है कि अपनी कमियों को पीछे छोड़ लगातार मिल रही शिकस्त का कड़ा जवाब दे। इंग्लैंड के खिलाफ पिछले मुकाबले में जहां बल्लेबाजों का अच्छा प्रदर्शन देखने को मिला था वहीं घटिया गेंदबाजी और खराब क्षेत्ररक्षण चिंता का विषय हैं।
कप्तान माही बने मिस्टर भरोसेमंद
भारतीय टीम में इस समय यदि कोई मिस्टर भरोसेमंद दिखाई दे रहा है तो वह है कप्तान महेंद्र सिंह धोनी। धोनी ने न सिर्फ इंग्लैंड बल्कि इससे पहले भारत दौरे पर आई पाकिस्तानी टीम के खिलाफ संपन्न सीरीज में भी बेहतरीन प्रदर्शन किया था। धोनी ने राजकोट वनडे में कोई बड़ी पारी तो नहीं खेली लेकिन उन्होंने 25 गेंदों में जिस तरह के गगनचुंबी चार छक्के जड़कर 32 रन ठोके उससे यह कहना गलत नहीं होगा कि यदि अगले मुकाबले में कप्तान मैदान पर टिक गए तो वह इंग्लैंड को मुसीबत में डाल सकते हैं।
सलामी जोड़ी पर दारोमदार
लंबे समय से आउट आफ फॉर्म दिखाई दे रहे ओपनर गौतम गंभीर ने पहले वनडे में जिम्मेदारी भरी पारी खेली। अजिंक्या रहाणे, सुरेश रैना और युवराज सिंह ने भी मैदान पर टिककर जीत के लिए हर संभव प्रयास किया।
कमबैक मैन युवराज ने पिछले मुकाबले में अपनी 61 रनों की पारी में अपने खेल में सुधार और उसी जज्बे का परिचय दिया जिसके लिए वह जाने जाते हैं।
विराट से उम्मीदें
हालांकि युवा बल्लेबाज विराट कोहली ने फिर निराश किया। लेकिन विराट ने समय समय पर खुद को जरूर साबित किया है। जब भी उनका प्रदर्शन सवालों के घेरे में होता है वह कोई करिश्मा कर ही देते हैं। इसलिए कोच्चि में भी यदि वह कोई कमाल कर देंगे तो हैरानी नहीं होगी।
गेंदबाजी चिंता का विषय
भारतीय टीम को राजकोट में मिली शिकस्त से उसकी कमियां भी दुनिया के सामने उजागर हो गई। टीम का बल्लेबाजी क्रम जहां संतोषजनक रहा वहीं उसका गेंदबाजी क्रम बेहद ही कमजोर साबित हुआ। इसके अलावा क्षेत्ररक्षण भी खराब था जिसके कारण विपक्षी टीम को बड़ स्कोर बनाने में मदद मिली। टीम में अपनी एंट्री के बाद से ही सभी को हैरान करने वाले युवा गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार पिछले मुकाबले में कोई कमाल नहीं कर सके तो दिल्ली के इशांत शर्मा सबसे महंगे गेंदबाज साबित हुए।
इशांत ने लगातार अपना खराब प्रदर्शन जारी रखते हुए 86 रन खर्च कर कोई विकेट हासिल नहीं किया। भारत के सबसे बेहतरीन खिलाड़ियों में शामिल रविचंद्रन अश्विन ने भी कोई विकेट हासिल नहीं किया। इसके अलावा रवींद्र जडेजा भी खाली हाथ ही लौटे। पिछले मुकाबले में इंग्लैंड के खिलाफ दो विकेट हासिल करने वाले अशोक डिंडा ही सबसे कामयाब गेंदबाज रहे। ऐसे में जरूरी है कि टीम इंडिया के सभी गेंदबाज विपक्षी टीम के बल्लेबाजों को देर तक मैदान पर टिकने से रोक सकें।
फॉर्म में हैं इंग्लैंड टीम
दूसरी ओर कप्तान एलेस्टेयर कुक के नेतृत्व में इंग्लैंड टीम शानदार फॉर्म में दिखाई दे रही है। पिछले मुकाबले में उसने अपने प्रदर्शन से एक बार फिर खुद को साबित किया है। इयान बेल, जेड डर्नबाक, स्टुअर्ट मीकर, समित पटेल और केविन पीटरसन जैसे दिग्गज बल्लेबाज इंग्लैंड की ताकत हैं। टीम के ये खिलाड़ी पिछले मुकाबले में विशाल स्कोर बनाकर भारतीय गेंदबाजों को छका चुके हैं और अगले मैच में भी इनकी यही मंशा होगी। इसके अलावा स्टीवन फिन, स्टुअर्ट ब्राड, क्रिस वोक्स, आलराउंडर जेम्स ट्रेडवेल और आलराउंडर टिम ब्रेसनेन अपनी अच्छी गेंदबाजी से भारतीय बल्लेबाजों को एक बार फिर कम स्कोर पर रोक सकते हैं।