एक समय में टीम इंडिया के उभरते हुए खिलाड़ियों में शामिल करूण नायर ने मीडिया से बातचीत में भावुक होकर बहुत ही बड़ा बयान दिया है। इस दौरान उन्होंने कहा है कि 12 महीने में ही अनुभव हो गया कि खेल में कितना उतार-चढ़ाव आ सकता है।
गौरतलब है कि दिसंबर 2016 में इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट क्रिकेट में तिहरा शतक जड़कर नायर ने काफी सुर्खियां बटोरी थी, लेकिन दिसंबर 2017 तक वह किसी भी प्रारूप में भारतीय टीम में जगह बनाने की दौड़ में शामिल नहीं थे। उन्होंने इस दौरान 303 रन की नाबाद पारी खेली थी। उस समय टीम इंडिया ने 759/7 विकेट पर पारी घोषित की थी।
नायर की नजरें अब चोटिल आर विनय कुमार की गैरमौजूदगी में कर्नाटक को विजय हजारे ट्रॉफी का खिताब दिलाने पर टिकी है, लेकिन बुधवार को दिल्ली के फिरोज शाह कोटला मैदान पर खेले गए पहले क्वार्टरफाइनल मुकाबले में कर्नाटक ने हैदराबाद को 103 रनों से करारी मात दी। इस मुकाबले में वह कुछ खास नहीं कर पाए। वह केवल 10 रन बनाकर आउट हो गए।
तिहरे शतक के बाद के जीवन के बारे में पूछने पर नायर ने कहा, 'पिछले एक साल ने मुझे सब कुछ दिखा दिया। यह मुझे आसमान पर ले गया और फिर धरती पर पटक दिया।' आगे उनसे क्या सब सीखा पूछने वाले सवाल पर पर उन्होंने कहा, 'इसने मुझे सिखाया कि भावनात्मक रूप से स्थिर रहो। जब आप शीर्ष पर हो तो ऊंचे नहीं उड़ सकते क्योंकि आप कभी भी नीचे गिर सकते हो। आपको समान व्यक्ति रहना होगा। एक साल में ही इसने मुझे मेरे जीवन में सब कुछ दिखा दिया।'