भारत के पहले विश्व कप विजेता कप्तान कपिल देव को रविवार को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई। दिल का दौरा पड़ने पर दो दिन पहले उनकी एंजियोप्लास्टी हुई थी। गुरुवार को 61 वर्षीय कपिल देव को सीने में दर्द की शिकायत के बाद फोर्टिस एस्कोर्ट्स हार्ट इंस्टीट्यूट के आपातकालीन विभाग में भर्ती कराया गया था। अब वह स्वस्थ हैं।
एंजियोप्लास्टी ‘ब्लॉक’ हुई धमनियों को खोलने की प्रक्रिया है ताकि हृदय में सामान्य रक्त संचार हो सके। अस्पताल में भर्ती होने के बाद कपिल की स्थिति की जांच की गई और अस्पताल के हृदय रोग विभाग के निदेशक डॉ माथुर ने उनकी आपात कोरोनरी एंजियोप्लास्टी की।'
सोशल मीडिया पर काफी लोगों ने 1983 विश्व विजेता महान ऑलराउंडर के शीर्ष स्वास्थ्य लाभ की कामना की थी। इनमें भारतीय कप्तान विराट कोहली और सचिन तेंदुलकर सहित अन्य खिलाड़ी शामिल थे।
भारत के महान क्रिकेटरों में से एक कपिल ने 131 टेस्ट और 225 वनडे खेले हैं। वह क्रिकेट के इतिहास में एकमात्र खिलाड़ी हैं, जिन्होंने 400 से ज्यादा (434) विकेट अपने नाम कर टेस्ट मैचों में 5000 से ज्यादा रन जुटाए हैं। वह 1999 और 2000 के बीच भारत के राष्ट्रीय कोच भी रह चुके हैं। कपिल को 2010 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद के हॉल ऑफ फेम में शामिल किया गया था।