8वें नंबर पर बल्लेबाजी करने उतरे जीन पॉल डुमिनी के नाबाद शतक की बदौलत दक्षिण अफ्रीका ने श्रीलंका के खिलाफ पहले टेस्ट मैच के दूसरे दिन गुरुवार को अपनी पहली पारी 9 विकेट पर 455 रन बनाकर घोषित कर दी।
डुमिनी के अलावा अफ्रीकी टीम की ओर से ओपनर डीन एल्गर ने 103 रनों की पारी खेली थी।
जवाब में श्रीलंका ने दूसरे दिन का खेल समाप्त होने तक बिना विकेट गिरे 30 रन बना लिए थे। हालांकि वह अब भी दक्षिण अफ्रीका से 425 रन पीछे है। ओपनर उपुल थरंगा 20 रन बनाकर और कौशल सिल्वा 8 रन बनाकर क्रीज पर डटे थे।
इससे पहले दक्षिण अफ्रीका के जेपी डुमिनी ने 206 गेंदों की अपनी पारी में नाबाद 100 रन बनाए। उन्होंने वार्नेन फिलेंडर (27) के साथ आठवें विकेट के लिए 75 रन और मोर्ने मोर्कल (22) के साथ नौवें विकेट के लिए 66 रन की साझेदारी की।
उनका शतक पूरा होने के साथ ही कप्तान हाशिम अमला ने पारी समाप्ति की घोषणा कर दी। डुमिनी के करियर को यह चौथा शतक है।
दक्षिण अफ्रीका ने दूसरे दिन की सुबह 5 विकेट पर 268 रन से आगे खेलना शुरू किया। दिलरूवान परेरा की गेंद पर आउट होने से पहले क्विंटन डी काक ने शानदार 51 रन बनाए। यह उनका पहला अर्द्धशतक है।
इसके बाद बुधवार के नाइटवाचमैन डेल स्टेन तीन के निजी स्कोर पर सुरंगा लखमल की गेंद पर बोल्ड हो गए।
लंच के बाद दूसरे सत्र में श्रीलंकाई गेंदबाजों को उमस भरी परिस्थितियों में विकेट झटकने के लिए काफी पसीना बहाना पड़ा। एजेंलो मैथ्यूज ने फिलेंडर को एलबीडब्ल्यू कर श्रीलंका को सफलता दिलाई।
हालांकि मैथ्यूज ने तीसरे अंपायर का सहारा लिया लेकिन हॉकआई ने मैदानी अंपायर का फैसला सही करार दिया। फिलेंडर ने 96 गेंदों में 27 रन की अपनी पारी में तीन चौके लगाए।
दूसरे छोर पर डटे डुमिनी ने श्रीलंकाई गेंदबाजों की खूब धुनाई की। श्रीलंका की ओर से दिलरूवान परेरा ने सर्वाधिक 4 विकेट झटके जबकि सुरंगा लकमल को 3 विकेट मिले। रंगना हेराथ और मैथ्यूज ने एक-एक विकेट अपने नाम किया।