भारतीय टीम के अनुभवी तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह ने अपने कार्यभार प्रबंधन को लेकर चुप्पी तोड़ी है। बुमराह ने दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ पहले टेस्ट मैच की पहली पारी में शानदार प्रदर्शन करते हुए पांच विकेट झटके। बुमराह ने अपने करियर में 16वीं बार टेस्ट की किसी पारी में पांच या इससे अधिक विकेट झटके हैं। शानदार प्रदर्शन के बाद बुमराह ने वर्कलोड को लेकर चल रही चिंताओं को खारिज किया और कहा कि वह हमेशा अपने शरीर का ध्यान रखने की कोशिश करते हैं।
बुमराह ने झटके पांच विकेट
बुमराह की अगुआई में गेंदबाजों के शानदार प्रदर्शन की मदद से भारत ने पहले टेस्ट मैच के शुरुआती दिन दक्षिण अफ्रीका को पहली पारी में सस्ते में ढेर किया। दक्षिण अफ्रीका की टीम पहली पारी में 159 रन ही बना सकी। दिन के खेल की समाप्ति तक भारत ने एक विकेट खोकर 37 रन बनाए हैं और वह फिलहाल मेहमान टीम से 122 रन पीछे चल रही है। बुमराह एक बार फिर अपनी उपयोगिता साबित करने में सफल रहे और उन्होंने पांच विकेट झटके।
कार्यभार प्रबंधन को लेकर हुई है बुमराह की आलोचना
इंग्लैंड में टेस्ट सीरीज के बाद बुमराह के कार्यभार प्रबंधन को देखते हुए मैच चुनने को लेकर कड़ी आलोचना हो रही है। पीठ में मांसपेशियों में खिंचाव के कारण वह ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सिडनी टेस्ट में वह गेंदबाजी नहीं कर पाए थे। फिर इंग्लैंड में उन्हें दो टेस्ट मैच में आराम दिया गया जिससे आलोचकों ने उनकी प्रतिबद्धता पर सवाल उठाए। कई प्रारूपों में खेलने वाले बुमराह इंग्लैंड दौरे से लगातार खेल रहे हैं। वह एशिया कप टी20 अंतरराष्ट्रीय में जीत हासिल करने वाली टीम में खेले, फिर पिछले महीने वेस्टइंडीज के खिलाफ टेस्ट मैचों में खेले और ऑस्ट्रेलिया में पिछली टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज में भी खेले। हालांकि उन्हें ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ वनडे सीरीज के लिए आराम दिया गया।
बुमराह ने पहले दिन का खेल समाप्त होने के बाद कहा, मैं जिस भी प्रारूप में खेलता हूं, उसमें अपना सर्वश्रेष्ठ देने की कोशिश करता हूं। ये सवाल मेरे सवाल नहीं हैं। मैं इनका जवाब नहीं दूंगा। मैं जितना हो सके उतना खेलने की कोशिश करता हूं। मैं अपने शरीर का ध्यान रखने की कोशिश करता हूं। मैं हर प्रारूप में अपना सर्वश्रेष्ठ देने की कोशिश करता हूं। जब तक मैं योगदान दे पा रहा हूं और नयी चीजें सीखने की कोशिश कर पा रहा हूं, उससे मैं खुश हूं।
घरेलू परिस्थितियों में स्पिनरों का दबदबा रहता है तो ऐसे में बुमराह ने माना कि भारत में इस तरह के विकेट लेना कितना खास है। उन्होंने कहा, जब भी आप भारत में खेलते हैं तो यह तय है कि स्पिनर ढेर सारे विकेट लेंगे। इसलिए जब भी आप सीमित स्पेल में प्रभाव डाल पाते हैं तो हमेशा अच्छा लगता है। मैं अपने प्रदर्शन से बहुत खुश हूं। टेस्ट मैच में अब भी काफी काम बाकी है।