आईपीएल 2026 का सीजन शुरू होने जा रहा है और भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने इसकी तैयारियां पूरी कर ली है। बीसीसीआई बुधवार को सभी 10 कप्तानों के साथ बैठक करेगा जिस दौरान इम्पैक्ट सब्स्टीट्यूट नियम और आचार संहिता जैसे विषयों पर चर्चा की जाएगी। यह पहली बार नहीं है जब बीसीसीआई और आईपीएल कप्तानों की बैठक होगी। यह हमेशा से ही होता आया है जिसमें नियमों के बारे में जानकारी दी जाती है।
श्रीनाथ-मेनन करेंगे संबोधित
इस बार बैठक को भारत के पूर्व खिलाड़ी जावागल श्रीनाथ और नितिन मेनन संबोधित करेंगे, जो क्रमशः मैच रेफरी और अंपायर पैनल के प्रमुख हैं। बीसीसीआई के एक अधिकारी ने कहा, इस वर्ष नियमों में कोई नया बदलाव नहीं है। चूंकि कुछ कप्तान और कोच नए हैं, इसलिए उन्हें मौजूदा नियमों की जानकारी देना आवश्यक है।
क्या है बैठक का एजेंडा?
बैठक में जिन अहम मुद्दों पर चर्चा होगी, उनमें प्रति ओवर दो बाउंसर की अनुमति, बल्ले के आकार की जांच, गेंद के खो जाने या खेलने योग्य न रहने पर उसके प्रतिस्थापन, रिटायर्ड आउट नियम और लार के उपयोग जैसे बिंदु शामिल हैं। मालूम हो कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सितंबर 2022 से गेंद को चमकाने के लिए लार के उपयोग पर प्रतिबंध लागू है, जिसे आईपीएल ने 2025 सत्र से पहले हटा दिया था।
वहीं, 2025 की कप्तानों की बैठक में कुछ महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए थे, जिनमें 10 कप्तानों की सहमति के बाद लार के उपयोग की अनुमति प्रमुख थी। इसके अलावा, दूसरी पारी में गेंदबाजी करने वाली टीम को 10वें ओवर के बाद एक बार गेंद बदलने का अनुरोध करने का अधिकार दिया गया था, ताकि शाम के मैचों में ओस से उत्पन्न चुनौतियों को कम किया जा सके। इस नियम के तहत गेंदबाजी कप्तान गेंद बदलने का अनुरोध कर सकता है, हालांकि नई गेंद का चयन मैदान पर मौजूद अंपायरों द्वारा किया जाएगा।
इसके साथ ही, डीआरएस के दायरे को बढ़ाते हुए हॉक-आई और बॉल-ट्रैकिंग तकनीक के माध्यम से ऊंचाई आधारित नो-बॉल और ऑफ स्टंप के बाहर वाइड बॉल की समीक्षा की भी अनुमति दी गई थी। ये सभी नियम और प्रावधान आईपीएल 2026 सत्र में भी प्रभावी रहेंगे।