प्रीति जिंटा-रिकी पोंटिंग-मनोज तिवारी
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पूर्व भारतीय क्रिकेटर मनोज तिवारी का मानना है कि पंजाब किंग्स इस सत्र में खिताब नहीं जीत पाएगी। उन्होंने टीम के मुख्य कोच रिकी पोंटिंग पर भारतीयों के बजाय विदेशी खिलाड़ियों को अधिक समर्थन देने का आरोप लगाया है। शनिवार को पंजाब का सामना कोलकाता नाइट राइडर्स (केकेआर) से हुआ। यह मुकाबला बारिश के कारण रद्द हो गया और दोनों टीमों को एक-एक अंक मिला।
प्रभसिमरन और प्रियांश के बीच हुई 100+ रन की साझेदारी
ईडेन गार्डंस में खेले गए इस मुकाबले में पंजाब के कप्तान श्रेयस अय्यर ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया और उनके इस निर्णय को प्रभसिमरन सिंह और प्रियांश आर्या ने सही साबित किया। दोनों ने टीम को अच्छी शुरुआत दिलाई। दोनों की अर्धशतकीय पारियों की बदौलत पंजाब ने कोलकाता के खिलाफ चार विकेट खोकर 201 रन बनाए थे। प्रियांश 69 और प्रभसिमरन 83 रन बनाकर पवेलियन लौटे। इसके बाद बल्लेबाजी के लिए आए श्रेयस अय्यर 25 रन बनाकर नाबाद रहे।
शशांक और नेहल को नहीं मिला मौका, भड़के मनोज तिवारी
मनोज तिवारी ने अब पंजाब के बैटिंग ऑर्डर में बदलाव पर सवाल खड़े किए हैं। उनका मानना है कि भारतीय बल्लेबाजों ने टीम को अच्छी शुरुआत दिलाई थी। इसके बावजूद मुख्य कोच रिकी पोंटिंग ने चौथे और पांचवें नंबर पर ग्लेन मैक्सवेल और मार्को यानसेन को भेजकर शशांक सिंह और नेहल वढेरा का पत्ता काटने की कोशिश की। पूर्व खिलाड़ी ने कहा कि इस बार पंजाब का खिताब जीतना मुश्किल है।
'पंजाब नहीं जीतेगी खिताब'
मनोज तिवारी ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर लिखा- मेरी आंतरिक भावना कहती है कि पंजाब की टीम इस सीजन में आईपीएल ट्रॉफी नहीं जीत पाएगी क्योंकि आज जब वे बल्लेबाजी कर रहे थे तो मैंने देखा कि कोच ने भारतीय इनफॉर्म बल्लेबाजों नेहल वडेरा और शशांक सिंह को नहीं भेजा, बल्कि उन्होंने अपने विदेशी खिलाड़ियों पर भरोसा किया, लेकिन वे ऐसा नहीं कर पाए और निचले क्रम में भारतीय खिलाड़ियों पर उनका भरोसा कमजोर दिखा। अगर वे इसी तरह से आगे बढ़ते रहे तो शीर्ष दो में जगह बनाने के बावजूद खिताब नहीं जीत पाएंगे।
चौथे स्थान पर पहुंची पंजाब
तेज बारिश और आंधी के कारण मुकाबला रद्द होने के बाद कोलकाता और पंजाब को एक-एक अंक दे दिया गया। इसी के साथ पंजाब की शीर्ष-चार में एंट्री हो गई। नौ में से पांच मैच जीत चुकी पंजाब 11 अंक और 0.177 के नेट रन रेट के साथ अंक तालिका में चौथे स्थान पर पहुंच गई। वहीं, कोलकाता सात अंक और 0.212 के नेट रन रेट के साथ सातवें स्थान पर है।