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IPL 2023: तो इस साल धोनी की चेन्नई सुपर किंग्स खेलेगी 10वां फाइनल? बन रहे कुछ ऐसे संयोग, जानकर रह जाएंगे हैरान

Sun, 21 May 2023 01:20 PM IST
स्वप्निल शशांक स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

आईपीएल में 2011 में पहली बार प्लेऑफ वाला फॉर्मेट आया था, जिसमें क्वालिफायर वाले तरीके से फाइनलिस्ट तय होते हैं। तब से लेकर अब तक 12 सीजन में लीग राउंड में दूसरे स्थान पर रहने वाली टीम फाइनल में जरूर पहुंची है।
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चेन्नई सुपर किंग्स - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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आईपीएल 2023 के प्लेऑफ के लिए तीन टीमों ने क्वालिफाई कर लिया है। इनमें गुजरात टाइटंस, चेन्नई सुपर किंग्स और लखनऊ सुपर जाएंट्स की टीमें शामिल हैं। गुजरात के फिलहाल 18 अंक हैं और टीम पहले स्थान पर ही रहकर प्लेऑफ के लिए क्वालिफाई करेगी। वहीं, चेन्नई और लखनऊ दोनों ने 14-14 मैच खेले लिए हैं और 17-17 अंकों के साथ लीग राउंड को समाप्त किया।
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लखनऊ से बेहतर रन रेट की वजह से चेन्नई की टीम दूसरे स्थान पर रही, वहीं क्रुणाल की टीम तीसरे स्थान पर रही। चौथे स्थान के लिए मुंबई इंडियंस, रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर और राजस्थान रॉयल्स के बीच जंग है। हालांकि, एक अजब संयोग सामने आया है, जिसके मुताबिक चेन्नई सुपर किंग्स की टीम इस सीजन 10वां फाइनल खेल सकती है।

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प्लेऑफ में कैसे खेले जाते हैं मुकाबले?
लीग राउंड में शीर्ष पर रहने वाली चार टीमें प्लेऑफ में पहुंचती हैं। पहले और दूसरे स्थान पर रहने वाली टीमों को फाइनल में पहुंचने के दो मौके मिलते हैं। वहीं, तीसरे और चौथे स्थान पर रहने वाली टीम के लिए हर मुकाबला वर्चुअल नॉकआउट होता है। पहले और दूसरे स्थान पर रहने वाली टीम क्वालिफायर-वन खेलती है, जबकि तीसरे और चौथे स्थान पर रहने वाली टीम को एलिमिनेटर खेलना होता है। क्वालिफायर-वन में जीतने वाली टीम सीधे फाइनल में पहुंचती है। वहीं, हारने वाली टीम को एलिमिनेटर में जीतने वाली टीम के साथ क्वालिफायर-टू खेलना होता है। एलिमिनेटर में हारने वाली टीम का सफर खत्म हो जाता है। क्वालिफायर-टू में जीतने वाली टीम फाइनल में पहुंचती है, जबकि हारने वाली टीम का सफर खत्म हो जाता है।

आईपीएल पॉइंट्स टेबल की टॉप दो टीमें - फोटो : IPL/BCCI
दरअसल, आईपीएल में 2011 में पहली बार प्लेऑफ वाला फॉर्मेट आया था, जिसमें क्वालिफायर वाले तरीके से फाइनलिस्ट तय होते हैं। तब से लेकर अब तक 12 सीजन में लीग राउंड में पॉइंट्स टेबल में दूसरे स्थान पर रहने वाली टीम फाइनल में जरूर पहुंची है।

2011 में चेन्नई, 2012 में कोलकाता नाइट राइडर्स, 2013 में मुंबई इंडियंस, 2014 में कोलकाता नाइट राइडर्स, 2015 में मुंबई इंडियंस, 2016 में रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर, 2017 में राइजिंग पुणे सुपरजाएंट्स, 2018 और 2019 में CSK, 2020 में दिल्ली कैपिटल्स, 2021 में CSK और 2022 में राजस्थान की टीम दूसरे स्थान पर रहकर प्लेऑफ में पहुंची थी और फाइनल के लिए भी क्वालिफाई किया था।

ऐसे में इस सीजन चेन्नई की टीम ने दूसरे स्थान पर रहते हुए लीग राउंड को खत्म किया। अब देखने वाली बात होगी कि टीम फाइनल में पहुंच पाती है या नहीं। हालांकि, संयोग के मुताबिक धोनी का फाइनल में जाना तय है।


IPL 2014

IPL 2015

IPL 2016

IPL 2017

IPL 2018

IPL 2019

IPL 2020

IPL 2021

IPL 2022

इनमें से 2011 (CSK), 2012 (KKR), 2013 (MI), 2014 (KKR), 2015 (MI), 2018 (CSK) और 2021 (CSK) में ऐसा हुआ है कि लीग राउंड के बाद दूसरे स्थान पर रहने वाली टीम ने ट्रॉफी पर कब्जा जमाया हो। ऐसे में सीएसके के पास मौका है। चेन्नई सुपर किंग्स प्लेऑफ में पहुंचने के मामले में सबसे सफल टीम है। टीम अब तक अपने 14 सीजन में से 12 में प्लेऑफ में पहुंचने में कामयाब रही है। 2016 और 2017 में चेन्नई को सस्पेंड किया गया था। इसके अलावा चेन्नई 2020 और 2022 में लीग स्टेज से ही बाहर हो गई थी। 2010, 2011, 2018 और 2021 में टीम चैंपियन बनी थी, जबकि 2008, 2012, 2013, 2015 और 2019 में टीम रनर-अप रही थी। 

यह सारी कामयाबी चेन्नई ने धोनी की कप्तानी में ही हासिल की है। धोनी ने 2008 से लेकर अब तक 233 मैचों में चेन्नई की कप्तानी की है और 140 में जीत हासिल की है। 90 में उन्हें हार का सामना करना पड़ा। एक मैच टाई रहा और दो का कोई नतीजा नहीं निकला। इनमें आईपीएल और चैंपियंस लीग के मैच भी शामिल हैं। सिर्फ आईपीएल में धोनी ने सीएसके और पुणे को मिलाकर 224 मैचों में कप्तानी की है और 131 में जीत दिलाई है। 91 मैचों में उनकी टीम को हार का सामना करना पड़ा। दो मैचों का कोई नतीजा नहीं निकला। 

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चेन्नई बनाम दिल्ली मैच में क्या हुआ?
शनिवार को खेले गए मैच की बात करें तो चेन्नई ने दिल्ली कैपिटल्स को अंतिम लीग मैच में 77 रन से हराया और प्लेऑफ में पहुंचने वाली दूसरी टीम बन गई। चेन्नई के 223 के जवाब में दिल्ली ने नौ विकेट पर 146 रन बनाए। यह मैच था तो दिल्ली में, लेकिन स्टेडियम में धोनी की धूम थी। अपने प्रिय क्रिकेटर को समर्थन देने के लिए स्टेडियम सात नंबर की पीली रंग की जर्सियों से रंग गया।

धोनी ने भी निराश नहीं किया। वह पहली बार इस सत्र में नंबर चार पर खेलने उतरे। हालांकि, उनके हिस्से में चार गेंदें ही आईं और वह पांच रन पर नाबाद लौटे। चेन्नई की जीत की सूत्रधार उनकी ओपनिंग जोड़ी डेवोन कॉन्वे (87) और ऋतुराज गायकवाड़ (79) के बीच 87 गेंद में निभाई गई 141 रन की साझेदारी रही।

इसके बाद शिवम दुबे ने नौ गेंदों में 22 रन की पारी खेली। वहीं, रवींद्र जडेजा सात गेंदों में 20 रन बनाकर नाबाद रहे। दिल्ली की ओर से कप्तान डेविड वॉर्नर ने 58 गेंदों में सबसे ज्यादा 86 रन बनाए। उनके अलावा कोई बल्लेबाज 20+ रन नहीं बना पाया।
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