प्रथम श्रेणी क्रिकेटर इमरान खान जब अपने छोटे भाई मोहसिन खान को कोचिंग के लिए बदरुद्दीन सिद्दीकी के पास लेकर गए, तो कोच को समझ में नहीं आया कि मुरादाबाद (यूपी) के संबल इलाके के इस दुबले और नाटे लड़के को क्या सिखाएं। वहीं लड़का आईपीएल टूर्नामेंट में लखनऊ सुपर जायंट्स की ओर से खेलते हुए चार मैचों में 8 विकेट लेकर जाना-माना नाम बन चुका है।
बदरुद्दीन यूपी में उन कोचों में से हैं, जिन्होंने मोहम्मद शमी को उनके शुरुआती दिनों में क्रिकेट की की कोचिंग दी थी। लॉकडाउन के दौरान मोहसिन ने शमी से भी गेंदबाजी के गुर सीखे, जिसका असर आईपीएल में दिख रहा है। लीग में लखनऊ टीम अब तक 10 में से 7 मैच जीत चुकी है।
कोच बोले- कद देखकर नहीं लगा था गेंदबाज बनेगा
बदरुद्दीन सिद्दीकी ने कहा, एक दशक पहले मोहसिन का बड़ा भाई इमरान मेरी एकेडमी में आता था। उस समय तक मोहम्मद शमी कोलकाता चला गया था और रणजी ट्रॉफी खेलता था। तब इमरान ने बताया कि उसका छोटा भाई क्रिकेट खेलना चाहता है और क्या वह उसे अभ्यास के लिए ला सकता है। मोहसिन गेंदबाजी करते हुए अचानक बल्ला उठा लेता था। कई बार बातें भी अनसुनी भी कर देता था। 10 साल पहले उसकी कद-काठी देखकर नहीं लगा था कि वह तेज गेंदबाज बनेगा। अब उसका खेल निखर गया है। उसने फोकस के साथ अभ्यास शुरू कर दिया। वह गेंदबाज के साथ-साथ उम्दा बल्लेबाज भी है।
शमी के निजी मैदान पर मोहसिन ने किया अभ्यास
मोहसिन मूल रूप से सफेद गेंद का गेंदबाज था, लेकिन कोरोना महामारी के कारण 2020 में पहले लॉकडाउन के बाद उसे अमरोहा में मोहम्मद शमी की रिहायशी एकेडमी में गेंदबाजी का मौका मिला। शमी के पास अपने शहर में निजी मैदान है, जहां उन्होंने टर्फ पिचें लगाई हैं। लॉकडाउन के दौरान बदरुद्दीन के साथ वह, उनका छोटा भाई मोहम्मद कैफ और मोहसिन वहां अभ्यास करते थे।
बदरुद्दीन ने कहा कि यह काफी छोटा समूह था और मैंने मोहसिन को बुलाया, ताकि वह शमी को देखकर सीख सके। मैं चाहता था कि शमी भी उसे देखे और कुछ सलाह दें। उन्होंने कहा कि मुझे लगा कि शमी उससे प्रभावित हुआ है और उसे काफी टिप्स दिए। वह अक्सर मोहसिन के बारे में पूछता था।