टीम इंडिया के गेंदबाज अपनी गलतियों से सीख नहीं रहे हैं ये बात एक बार फिर भारत-पाकिस्तान के बीच लंदन में खेले गए चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल मुकाबले में साबित हुई। भारतीय गेंदबाजों की नो बॉल फेंकने की आदत उन्हें हमेशा भारी पड़ती है वो भी तब बल्लेबाज उस गेंद पर विकेट गंवाने के बाद भी जीवन दान मिल जाए।
पाकिस्तान के खिलाफ फाइनल मैच में टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने उतरी टीम इंडिया को पारी के चौथे ओवर में ही सफलता हाथ लग गई थी, 3 रन पर खेल रहे फखर जमान को बुमराह की गेंद पर विकेट कीपर धोनी ने लपक ही लिया था लेकिन अंपायर ने फखर के कैच होने के बाद तीसरे अंपायर की मदद ली और फकर को नॉट आउट दिया क्योंकि बुमराह का पैर क्रीज से आगे था।
इसके बाद अपना चौथा वनडे खेल रहे फकर जमान ने जीवनदान का पूरा फायदा उठाते हुए शानदार शतक जड़ दिया। जमान ने 106 गेंद पर शानदार 114 रन की पारी खेली। उन्होंने अपनी पारी में 12 चौके और 3 छक्के जड़े। उनकी शानदार बल्लेबाजी की बदौलत पाकिस्तान ने 50 ओवर में 4 विकेट पर 338 रन बनाए।