दक्षिण अफ्रीका को भले ही एबी डीविलियर्स और डेल स्टेन की सेवाएं नहीं मिलेंगी लेकिन रहाणे ने कहा कि उनकी टीम को हल्के से नहीं लिया जा सकता है। भारत ने चार साल पहले दक्षिण अफ्रीका को 3-0 से करारी शिकस्त दी थी।
उन्होंने कहा, 'हमें घरेलू सरजमीं पर अभी दक्षिण अफ्रीका (तीन टेस्ट) और बांग्लादेश (दो टेस्ट) के खिलाफ पांच टेस्ट मैच खेलने हैं। टेस्ट चैंपियनशिप के कारण आप किसी भी टीम को हल्के से नहीं ले सकते हैं। यहां तक कि चैंपियनशिप से पहले भी हम किसी टीम को हल्के से नहीं लेते थे और अब जबकि इससे अंक जुड़ गए हैं तो फिर प्रत्येक मैच महत्वपूर्ण बन गया है। अंकों के लिहाज से टेस्ट जीतने और ड्रॉ कराने में बड़ा अंतर है। जब आप घरेलू सीरीज में जीत दर्ज करते हो और फिर विदेश दौरे पर जाते हो तो आपके पास घरेलू सीरीज में हासिल किए गए अंकों का लाभ होता है। इसके अलावा एडन मार्कराम और तेंबा बावुमा ने अभ्यास मैच में अच्छा प्रदर्शन किया जबकि फाफ डुप्लेसिस अनुभवी है। आप उन्हें हल्के से नहीं ले सकते।'