उस घटना के बारे में उन्होंने कहा, 'यह उनकी हालत को समझते हुए मैंने किया था। मुझे नहीं लगता कि इस तरह के हालात से निकलकर आए किसी व्यक्ति की परिस्थितियों का फायदा उठाना चाहिए। आप छींटाकशी कर सकते हैं और विरोधी टीम को हराने के लिए कई तरह की बातें कह सकते हैं लेकिन किसी की हूटिंग करना सही नहीं है। मैं इसका पक्षधर नहीं हूं।' अपने जुनून के लिए विख्यात कोहली पर एक समय दर्शकों को बीच की ऊंगली दिखाने के लिए मैच फीस का 50 प्रतिशत जुर्माना भरना पड़ा था। वह दर्शकों द्वारा खिलाड़ियों की हूटिंग किए जाने के सख्त खिलाफ है।
उन्होंने कहा, 'यह हमारे प्रशंसकों का रवैया नहीं होना चाहिए। हम सभी को इसकी जिम्मेदारी लेनी होगी। हम विरोधी टीम पर दबाव बना सकते हैं लेकिन किसी पर भावनात्मक तौर पर निशाना नहीं साध सकते।यह किसी भी स्तर पर स्वीकार्य नहीं है।' एक साल पहले कोहली विवाद के घेरे में आ गए थे जब ऑस्ट्रेलिया के तत्कालीन कप्तान स्मिथ पर डीआरएस के इस्तेमाल को लेकर परोक्ष रूप से उन्होंने धोखेबाजी का आरोप लगाया था। स्मिथ ने उस समय निर्देश के लिए ड्रेसिंग रूम की तरफ देखा था।
इस वजह से दोनों टीमों के बीच काफी तनाव आ गया था। स्मिथ हालांकि उसके बाद गेंद से छेड़खानी मामले में एक साल के लिए प्रतिबंधित हो गए थे। कोहली ने कहा, 'मैं समझ सकता हूं कि उन हालात में वापसी कर रहे खिलाड़ी पर क्या गुजर रही होगी। ऐसे में उसका फायदा उठाना सही नहीं होता। इससे कुछ हासिल नहीं होना था। वह यह भी बताता है कि एक देश के रूप में हम कैसे हैं।'
उन्होंने कहा, 'मैं खुश हूं कि आईसीसी ने इसे सराहा। मैं जब छोटा था तब वैश्विक स्तर पर सराहना चाहता था लेकिन अब मैं समझने लगा हूं कि यह आपके काम की सराहना है।’ उन्होंने कहा, 'मैं इसके पीछे नहीं भागता लेकिन यह ध्यान खींचने नहीं बल्कि सम्मान की बात है। जब क्रिकेट जगत आपका सम्मान करता है तो यह मेरे लिए आंकड़ों या प्रदर्शन या खेल जगत की किसी भी भौतिक चीज से बड़ी बात है।'