सार
ऑस्ट्रेलिया ए ने भारत ए के खिलाफ दूसरे चार दिवसीय मुकाबले के पहले दिन 7 विकेट पर 282 रन बनाए। विकेटकीपर बल्लेबाज सैम हार्पर ने डेब्यू मैच में नाबाद 101 रन की शानदार पारी खेलकर टीम को मुश्किल स्थिति से बाहर निकाला। भारत ए के नचिकेत भूटे और शम्स मुलानी ने तीन-तीन विकेट लिए, लेकिन हार्पर की पारी ने ऑस्ट्रेलिया ए को मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया।
विकेटकीपर बल्लेबाज सैम हार्पर के नाबाद शतक की बदौलत ऑस्ट्रेलिया ए ने भारत ए के खिलाफ दूसरे चार दिवसीय मुकाबले के पहले दिन 87 ओवर में 7 विकेट पर 282 रन बना लिए। हार्पर ने 153 गेंदों में नाबाद 101 रन की पारी खेली, जिसमें सात चौके और तीन छक्के शामिल रहे। ऑस्ट्रेलिया ए के लिए अपना डेब्यू कर रहे हार्पर उस समय क्रीज पर आए जब टीम 104 रन पर पांच विकेट गंवा चुकी थी। उन्होंने पहले लियाम स्कॉट के साथ छठे विकेट के लिए 84 रन की साझेदारी की और फिर टॉड मर्फी के साथ सातवें विकेट के लिए 89 रन जोड़कर टीम को मुश्किल स्थिति से बाहर निकाला।
भारत ए के गेंदबाजों ने शुरुआती झटके दिए
टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी ऑस्ट्रेलिया ए की शुरुआत अच्छी नहीं रही। भारत ए के लिए डेब्यू कर रहे मध्यम गति के गेंदबाज नचिकेत भूटे ने शुरुआती घंटे में जोश फिलिप (5) और कप्तान पीटर हैंड्सकॉम्ब (0) को आउट किया। वहीं बाएं हाथ के स्पिनर शम्स मुलानी ने दूसरे सलामी बल्लेबाज सैम कॉन्स्टास (2) को पवेलियन भेजा।
इसके बाद ऑस्ट्रेलिया ए लंच तक 67 रन पर तीन विकेट गंवा चुका था। जेसन सांघा (46) और नाथन मैकस्वीनी (34) ने चौथे विकेट के लिए 81 रन की साझेदारी कर पारी को संभालने की कोशिश की, लेकिन मुलानी ने दूसरे सत्र में लगातार दो ओवरों में दोनों बल्लेबाजों को आउट कर दिया।
हार्पर ने संभाला मोर्चा
104 रन पर पांच विकेट गिरने के बाद हार्पर ने परिस्थितियों और भारतीय गेंदबाजी का शानदार तरीके से सामना किया। उन्होंने क्रीज से आगे निकलकर स्पिन और तेज गेंदबाजी दोनों के खिलाफ आक्रामक अंदाज अपनाया। हार्पर ने नई गेंद आने के बाद तेज गेंदबाज तुषार देशपांडे की गेंद पर एक भाग्यशाली चौके के साथ अपना शतक पूरा किया। यह उनका प्रथम श्रेणी क्रिकेट में छठा शतक है। उनकी नाबाद पारी ने ऑस्ट्रेलिया ए को दिन का खेल खत्म होने तक मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया। भारत ए की ओर से नचिकेत भूटे ने 35 रन देकर तीन और शम्स मुलानी ने 77 रन देकर तीन विकेट लिए।