भारतीय महिला टीम ने जिम्बाब्वे के खिलाफ तीसरे और आखिरी वनडे मुकाबले में शानदार प्रदर्शन करते हुए 8 विकेट से जीत दर्ज की। वडोदरा के बीसीए स्टेडियम में खेले गए इस मुकाबले में भारत ने जिम्बाब्वे को 131 रनों पर समेटने के बाद 132 रनों का लक्ष्य महज 17 ओवर में 2 विकेट खोकर हासिल कर लिया। इस जीत के साथ ही भारतीय टीम ने तीन मैचों की वनडे सीरीज 3-0 से अपने नाम कर ली। इससे पहले भारत ने टी20 सीरीज में भी जिम्बाब्वे का 3-0 से सूपड़ा साफ किया था।
प्रतिका रावल और शेफाली वर्मा की तूफानी बल्लेबाजी
- 132 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत खराब रही। यास्तिका भाटिया पहली ही गेंद पर बिना खाता खोले आउट हो गईं। इसके बाद हरलीन देओल और प्रतिका रावल ने पारी को संभालते हुए दूसरे विकेट के लिए 59 रन जोड़े। हरलीन 19 रन बनाकर पवेलियन लौट गईं।
- इसके बाद प्रतिका रावल को शेफाली वर्मा का साथ मिला। दोनों बल्लेबाजों ने आक्रामक अंदाज में बल्लेबाजी करते हुए जिम्बाब्वे के गेंदबाजों को कोई मौका नहीं दिया। प्रतिका और शेफाली के बीच तीसरे विकेट के लिए महज 50 गेंदों में 74 रनों की नाबाद साझेदारी हुई, जिसकी बदौलत भारत ने मुकाबला आसानी से जीत लिया।
- प्रतिका रावल ने 56 गेंदों में नाबाद 59 रन बनाए। उनकी पारी में चार चौके और तीन छक्के शामिल रहे। वहीं, शेफाली वर्मा ने महज 26 गेंदों में 51 रन ठोक दिए। उन्होंने अपनी विस्फोटक पारी में छह चौके और तीन छक्के लगाए। शेफाली की ताबड़तोड़ बल्लेबाजी ने मुकाबले को पूरी तरह एकतरफा बना दिया।
वैष्णवी शर्मा ने झटके पांच विकेट
इससे पहले टॉस के बाद बल्लेबाजी करने उतरी जिम्बाब्वे की टीम भारतीय गेंदबाजों के सामने संघर्ष करती नजर आई। टीम की शुरुआत बेहद खराब रही और लोरिन फिरी बिना खाता खोले आउट हो गईं। चिपो मुगेरी-तिरिपानो भी सिर्फ चार रन बनाकर पवेलियन लौट गईं। इसके बाद बिलव्ड बीजा को वैष्णवी शर्मा ने हरमनप्रीत कौर के हाथों कैच कराकर एक रन के निजी स्कोर पर आउट किया। महज 25 रन के स्कोर पर जिम्बाब्वे की टीम अपने तीन विकेट गंवा चुकी थी।
मुश्किल परिस्थिति में कप्तान जोसेफिन नकोमो और चिएड्जा धुरुरू ने पारी को संभालने की कोशिश की। दोनों ने चौथे विकेट के लिए 40 गेंदों में 27 रन जोड़े। धुरुरू 20 रन बनाकर वैष्णवी शर्मा का शिकार बनीं। कप्तान नकोमो ने 67 गेंदों में 35 रन बनाए, जिसमें चार चौके शामिल रहे। नकोमो के आउट होने के बाद जिम्बाब्वे की पारी लड़खड़ा गई और टीम नियमित अंतराल पर विकेट गंवाती रही। भारतीय गेंदबाजों के सामने पूरी टीम 39.5 ओवर में 131 रन बनाकर ऑलआउट हो गई।
गेंदबाजों का शानदार प्रदर्शन
भारत की ओर से 20 वर्षीय स्पिनर वैष्णवी शर्मा सबसे सफल गेंदबाज रहीं। उन्होंने 10 ओवर में 39 रन देकर 5 विकेट अपने नाम किए। उनकी शानदार गेंदबाजी ने जिम्बाब्वे की बल्लेबाजी की कमर तोड़ दी। क्रांति गौड़ ने सात ओवर में 23 रन देकर दो विकेट हासिल किए, जबकि सायली सतघरे ने किफायती गेंदबाजी करते हुए छह ओवर में महज 11 रन खर्च किए और दो विकेट चटकाए।
भारत ने दोनों सीरीज में किया क्लीन स्वीप
जिम्बाब्वे के खिलाफ इस जीत के साथ भारतीय महिला टीम ने वनडे सीरीज 3-0 से जीतकर क्लीन स्वीप पूरा किया। इससे पहले भारतीय टीम ने टी20 सीरीज में भी 3-0 से जीत दर्ज की थी। इस तरह भारतीय महिला टीम ने दोनों प्रारूपों में दमदार प्रदर्शन करते हुए जिम्बाब्वे के दौरे का शानदार अंत किया।