टी20 विश्व कप में आज भारत-दक्षिण अफ्रीका के बीच सुपरहिट मुकाबला देखने को मिल सकता। शनिवार को जब बारबाडोस के केनसिंगटन ओवल मैदान पर दोनों टीमें भिड़ेंगी, तो भारत चाहेगा कि वह मार्करम एंड कंपनी को हराकर नया इतिहास गढ़े। इस मुकाबले में भारत की अनुभवी बल्लेबाजी और दक्षिण अफ्रीका की पेस बैटरी के बीच टक्कर देखने को मिल सकती है।
आइए जानते हैं कि दोनों टीमों की मजबूती और कमजोरी क्या-क्या है...
भारत की ताकत
सूर्यकुमार यादव और रोहित शर्मा
- फोटो : BCCI
- बतौर कप्तान और ओपनर रोहित शर्मा का फॉर्म में होना। रोहित पिछले दो मैचों में ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के खिलाफ 92 और 57 रन की पारी खेल चुके हैं।
- मध्य क्रम में सूर्यकुमार यादव उपयोगी पारियां खेल रहे हैं। इंग्लैंड के खिलाफ उनकी रोहित के साथ 73 रन की साझेदारी निर्णायक साबित हुई
- बुमराह, कुलदीप और अक्षर भारतीय गेंदबाजी आक्रमण को खतरनाक बना रहे हैं। तीनों गेंदबाज न सिर्फ रनों पर अंकुश लगा रहे हैं बल्कि विकेट भी झटक रहे हैं।
भारत की कमजोरी
शिवम दुबे-विराट कोहली
- फोटो : ICC/T20 World Cup
- विराट कोहली का बतौर ओपनर नहीं चलना चिंता का विषय है। उन्होंने अब तक 10.71 की औसत से सिर्फ 75 रन बनाए हैं।
- कोहली के जल्द आउट होने के बाद ऋषभ पंत के बल्ले से बड़ी पारी नहीं निकली है। हालांकि उन्होंने 129 के स्ट्राइक रेट से सात मैचों में 171 रन बनाए हैं।
- शिवम दुबे अब तक अपने चयन को सार्थक नहीं कर पाए हैं। सेमीफाइनल में भी वह पहली गेंद पर आउट हो गए।
दक्षिण अफ्रीका की ताकत
टी20 विश्व कप 2024
- फोटो : ICC
- ओपनर क्विंटन डिकॉक अब तक टूर्नामेंट में 143 के स्ट्राइक रेट से 204 रन बना चुुके हैं। उन्होंने दो अर्धशतक भी लगाए हैं। भारतीय गेंदबाजों के लिए उन्हें रोकना चुनौती होगी।
- केशव महाराज और तबरेज शम्सी इस टूर्नामेंट में अच्छी फॉर्म में हैं। केशव कुल नौ विकेट ले चुके हैं, जबकि शम्सी ने पिछले दो मैचों में छह विकेट लिए हैं।
- द. अफ्रीका के पास रबाडा, यानसेन और नॉर्त्जे के रूप में खतरनाक तेज गेंदबाजों की तिकड़ी है। रबाडा और नॉर्त्जे विकेट लेने भी सफल रहे हैं।
दक्षिण अफ्रीका की कमजोरी
हेनरिक क्लासेन-डेविड मिलर
- फोटो : ICC/T20 World Cup
- हेनरिक क्लासेन का बल्ला अब तक टूर्नामेंट में उस तरह से नहीं चला है जैसी बल्लेबाजी उन्होंने आईपीएल में की थी। क्लासेन ने 8 मैचों में 112 के स्ट्राइक रेट से 138 रन बनाए हैं।
- कप्तान मार्करम भी अब तक बल्ले से प्रभावित नहीं कर पाए हैं। फाइनल में उन्हें जिम्मेदारी उठानी होगी।
- अनुभवी डेविड मिलर ने सिर्फ एक अर्धशतक लगाया है। सुपर-8 में उन्होंने 0, 43, 4 रन की पारियां खेलीं।