भारत ने कानपुर टेस्ट में न्यूजीलैंड के खिलाफ खेलते हुए तीसरे दिन का खेल समाप्त होने पर दूसरी पारी में एक विकेट पर 14 रन बना लिए। इससे पहले न्यूजीलैंड ने अपनी पहली पारी में 296 रन बनाए थे। टीम इंडिया की सलामी जोड़ी शुभमन गिल और मयंक अग्रवाल से उम्मीद थी कि शेष 25 ओवर तक बल्लेबाजी करे। लेकिन ऐसा हो न सका। कीवी पेसर काइल जेमीसन ने अपनी एक शानदार गेंद पर शुभमन गिल को एक रन पर बोल्ड कर दिया। गिल इस मुकाबले में जिस तरह से आउट हुए उसको लेकर टीम इंडिया के पूर्व क्रिकेटर इरफान पठान काफी खफा हैं।
अपनी तकनीक पर काम करें शुभमन
पूर्व क्रिकेटर इरफान पठान ने गिल की तकनीक के लिए और दिन के खेल के नाबाद समाप्त करने में विफल रहने के लिए आलोचना की। उन्होंने कहा, यह बिल्कुल भी आसान नहीं है, लाइट्स चालू हैं, गेंद घूमती है और आप जानते हैं कि आपको वापस नॉट आउट जाना है, ओपनिंग करने वाले बल्लेबाज आमतौर पर वापस नॉट आउट जाने के दबाव के कारण आउट हो जाते हैं, लेकिन शुभमन गिल को अपनी तकनीक पर निश्चित ही जरूर काम करना होगा। उन्होंने शुभमन गिल की तकनीक में सटीक कमी को बताया। उन्होंने कहा, उनके हाथ राउंडअबाउट आते हैं, खासकर पिच-अप डिलीवरी के खिलाफ, अगर वह उस पर काम करते हैं तो उनके पास काफी क्षमता है, जेमीसन की गेंद के खिलाफ उनके पैर एक ही जगह रहे, जब तक बल्ला नीचे आया देर हो चुकी थी।
आकाश चोपड़ा बोले- टेस्ट ओपनर नहीं गिल
इस बीच, आकाश चोपड़ा ने पहले कहा था कि गिल उनके लिए टेस्ट ओपनर की तरह नहीं लगते हैं और उन्हें मध्य क्रम में बल्लेबाजी करनी चाहिए। उन्होंने आगे कहा, जब मैं उनको खेलते हुए देखता हूं वह मुझे टेस्ट ओपनर नहीं लगते हैं, जिस तरह वह इनसाइड लाइन खेलते हैं उनका बाहरी और अंदरूनी किनारा दोनों उजागर होते हैं। मेरे हिसाब से उन्हें मध्यक्रम के बल्लेबाज हैं ओपनिंग के लिए उन्हें बनाया गया है, उन्होंने एक सलामी बल्लेबाज के रूप में अच्छा प्रदर्शन किया है लेकिन उनका असली रंग और रूप तब देखा जाएगा जब वह मध्य क्रम में बल्लेबाजी करेंगे।