इससे पहले इंग्लैंड के कप्तान इयोन मोर्गन ने पहले भारतीय टीम को बल्लेबाजी पर उतारा। पहला ओवर स्पिनर आदिल राशिद ने फेंका जिसमें दो रन आए। दूसरे ओवर में लोकश राहुल आर्चर की गेंद पर बोल्ड हो गए। भारतीय टीम पहले छह ओवरों में 22 रन ही बना पाई थी। इनमें से 16 अकेले पंत (21) के बल्ले से थे। भारतीय टीम का पावरप्ले में यह अपना दूसरा सबसे छोटा स्कोर रहा। इससे पहले 2016 में पाकिस्तान के खिलाफ ढाका में 3 विकेट गंवाकर 21 रन बनाए थे।
पहले तीन बल्लेबाज लोकेश राहुल (01), शिखर धवन (04) और कप्तान विराट कोहली (00) के बल्ले से तो एक चौका भी नहीं निकला जबकि तीनों ने मिलाकर 21 गेंदें खेली थी। दूसरी ओर पंत ने अपनी तीसरी ही गेंद पर चौका जड़ दिया था। तीन शीर्ष बल्लेबाजों ने कुल पांच रन बनाए। तीसरे ओवर में राशिद ने कोहली को कैच आउट करा दिया जबकि धवन को पांचवें ओवर में मार्क वुड ने क्लीन बोल्ड कर दिया।
भारतीय कप्तान विराट कोहली टी-20 में तीसरी बार शून्य पर आउट हुए। इससे पहले ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 2017 में गुवाहाटी में और आयरलैंड के खिलाफ 2018 में डबलिन में बिना खाता खोले आउट हुए थे।
पंत ने 23 गेंदों पर 21 रन की तेज पारी खेली जिसमें दो चौके और एक छक्का शामिल था। आर्चर की गेंद पर रिवर्स फ्लिक से बाउंड्री दर्शनीय थी। बाएं हाथ के इस बल्लेबाज को स्टोक्स ने दसवें ओवर में बेयरस्टो के हाथों कैच करा दिया। उसके बाद श्रेयस अय्यर और हार्दिक पंड्या ने 54 रन की साझेदारी की। हार्दिक ने 21 गेंदों पर 19 रन बनाए जिसमें एक चौका और एक छक्का शामिल था।