गुजरात टाइटंस बनाम पंजाब किंग्स
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1. शुभमन गिल का रन आउट होना: शुभमन गिल का रन आउट होना गुजरात के लिए सबसे ज्यादा नुकसानदायक रहा, क्योंकि वह टीम के मुख्य बल्लेबाज हैं। पिछली दो पारियों में शुभमन और ऋद्धिमान साहा मिलकर गुजरात को अच्छी शुरुआत दिला रहे थे, लेकिन इस मैच में ऐसा नहीं हो सका और ऋषि धवन ने शानदार थ्रो पर गिल को पवेलियन भेजा। गिल छह गेंदों पर नौ रन ही बना सके। 17 के स्कोर पर गुजरात को पहला झटका लगा।
2. साहा और हार्दिक का रन नहीं बना पाना: पिछले दो मैचों में साहा ने बेहतरीन बल्लेबाजी की थी, जिसकी बदौलत गुजरात ने पावरप्ले में अच्छा स्कोर बनाया था। हालांकि, इस मैच में ऐसा नहीं हो सका। साहा ने शुरुआत तो अच्छी की, लेकिन संदीप शर्मा, अर्शदीप और रबाडा की सधी हुई गेंदबाजी के आगे वह रन बनाने के लिए जूझते दिखे। 34 के कुल स्कोर पर साहा पवेलियन चलते बने। उन्हें रबाडा ने मयंक के हाथों कैच कराया। साहा 17 गेंदों पर 21 रन बना सके। इसके अलावा कप्तान हार्दिक पांड्या का बल्ला लगातार तीसरे मैच में नहीं चला। न ही वह गेंदबाजी कर रहे हैं और न ही उनका बल्ला चल रहा है। पिछले तीन मैचों में हार्दिक की पारियां कुछ इस प्रकार रही हैं- 10, 3 और 1 रन। इस मैच में ऋषि धवन ने पांड्या को सातवें ओवर में चलता किया।
ऋषि धवन
3. मिलर और तेवतिया पहली बार हुए फेल: इस मैच से पहले तक गुजरात के लिए जो सबसे अच्छी बात थी, वह ये थी कि लोअर ऑर्डर में डेविड मिलर और राहुल तेवतिया का बल्ला खूब बोल रहा था, जो कि इस मैच में देखने को नहीं मिला। मिलर रन के लिए जूझते दिखे और 14 गेंदों पर 11 रन बनाकर आउट हुए। उन्हें लिविंगस्टोन ने रबाडा के हाथों कैच कराया। वहीं, तेवतिया 13 गेंदों पर 11 रन बनाकर आउट हुए। उन्हें रबाडा ने संदीप शर्मा के हाथों कैच कराया।
4. राशिद खान शून्य पर आउट: राशिद खान मैदान पर उतरे तो तूफानी पारी खेलने की मंशा से थे, लेकिन पहली ही गेंद पर विकेट दे बैठे। रबाडा के 17वें ओवर में अपनी पहली ही गेंद को राशिद ने बड़े शॉट में बदलना चाहा, लेकिन गेंद बल्ले का किनारा लेकर विकेटकीपर जितेश शर्मा के हाथों में चली गई। राशिद शून्य पर आउट हुए।
आउट होकर पवेलियन लौटते तेवतिया
5. रबाडा ने झटके चार विकेट: कगिसो रबाडा ने मैच में चार बहुमूल्य विकेट झटके। उन्होंने अपने चार ओवर में 33 रन ही लुटाए और ऋद्धिमान साहा, राहुल तेवतिया, राशिद खान और लोकी फर्ग्यूसन को चलता किया। 17वें ओवर में रबाडा हैट्रिक का मौका चूक गए। दूसरी गेंद पर उन्होंने तेवतिया और तीसरी गेंद पर राशिद को पवेलियन भेजा था, लेकिन चौथी गेंद पर विकेट नहीं ले सके। रबाडा को उनकी बेहतरीन गेंदबाजी के लिए प्लेयर ऑफ द मैच भी चुना गया।
6. शिखर धवन और भानुका राजपक्षे की साझेदारी: पंजाब ने इस मैच के लिए अपनी बल्लेबाजी क्रम में बदलाव किया और ये एक्सपेरिमेंट सफल नहीं रहा। शिखर धवन और जॉनी बेयरस्टो ओपनिंग के लिए उतरे थे। बेयरस्टो पंजाब की पारी के तीसरे ओवर में ही अपना विकेट गंवा बैठे। उन्हें मोहम्मद शमी ने प्रदीप सांगवान के हाथों कैच कराया। बेयरस्टो छह गेंदों पर एक रन बना सके।
हालांकि, इसके बाद शिखर धवन और भानुका राजपक्षे ने बेहतरीन बल्लेबाजी करते हुए पंजाब को जीत की दहलीज तक पहुंचाया। दोनों ने दूसरे विकेट के लिए 87 रन की साझेदारी निभाई और यहीं से मैच गुजरात के हाथों से निकल गया। अपना पहला आईपीएल खेल रहे राजपक्षे ने इस सीजन अपनी बल्लेबाजी से सभी को चौंकाया है। उन्हें जब भी बल्लेबाजी का मौका मिला है, उन्होंने रन बनाए हैं। धवन ने 62 रन और राजपक्षे ने 28 गेंदों पर 40 रन की तूफानी पारी खेली।
शिखर धवन और भानुका राजपक्षे
7. लियाम लिविंगस्टोन की तूफानी पारी: आखिर में रही सही कसर तूफानी बल्लेबाज लियाम लिविंगस्टोन ने पूरी कर दी। उन्होंने पहले तो शमी के एक ओवर में 28 रन बटोरे और इसमें इस सीजन का सबसे बड़ा छक्का भी शामिल है। शमी के 16वें ओवर में लिविंगस्टोन ने तीन छक्के और दो चौके लगाए और गुजरात को हारने पर मजबूर कर दिया।
गुजरात के कप्तान हार्दिक पांड्या और पंजाब के कप्तान मयंक अग्रवाल
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गुजरात के कप्तान हार्दिक ने इस सीजन की शुरुआत बेहतरीन अंदाज में की थी और एक समय तो उनके पास ऑरेंज कैप भी थी। ये कैप उन्हें दी जाती है, जो रन बनाने के मामले में सबसे आगे होते हैं। हालांकि, जोस बटलर ने तीन शतक जड़कर उनसे कैप छीन ली थी। इस सीजन की शुरुआती छह पारियों में हार्दिक ने 295 रन बनाए थे, जबकि पिछली तीन पारियो में वह सिर्फ 14 रन ही बना सके हैं। इस मैच में भी हार्दिक सात गेंदों पर एक रन बनाकर आउट हुए।
वहीं, पंजाब के कप्तान मयंक अग्रवाल को बल्लेबाजी का मौका ही नहीं मिला। वह इस मैच में ओपनिंग के लिए नहीं उतरे और बेयरस्टो को शिखर धवन के साथ मैदान पर भेजा। हालांकि, फील्डिंग और गेंदबाजी के दौरान मयंक ने अपने गेंदबाजों को बेहतरीन तरीके से रोटेट किया और गुजरात को कम स्कोर ही बनाने दिया।