भारतीय महिला टीम वनडे विश्व कप के जरिये आईसीसी टूर्नामेंट जीतने का अपना खिताबी सूखा समाप्त करने की राह देख रही है। भारतीय महिला टीम ने अब तक कभी कोई आईसीसी ट्रॉफी नहीं जीती है और अब उसके पास इस इंतजार को खत्म करने का मौका है। भारत की पूर्व कप्तान मिताली राज ने भी टीम को सलाह दी है और कहा कि अगर टीम अहम मौकों का फायदा उठाकर लय अपने पक्ष में कर ले तो वह खिताबी सूखा खत्म कर सकता है।
प्रबल दावेदार के रूप में उतरेगा भारत
मेजबान भारत अगले महीने होने वाले विश्व कप में ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के साथ टूर्नामेंट जीतने के प्रबल दावेदार के रूप में उतरेगा। हरमनप्रीत कौर की अगुआई वाली भारतीय टीम अपने पहले विश्व खिताब की तलाश में है क्योंकि वह 50 ओवर के प्रारूप के फाइनल में दो बार चूक चुकी है। मिताली ने कहा, मुझे लगता है कि भारत को बड़े मैचों के दौरान उन छोटे मौकों का फायदा उठाने की जरूरत है। यही वह संतुलन है जो दावेदार टीमों के बीच है। वे उन मौकों का अधिक से अधिक इस्तेमाल करने और लय को अपने पक्ष में करने की कोशिश करती हैं और भारत को उन मौकों का फायदा उठाने की जरूरत है।
वर्ष 2005 और 2017 में भारत को अपनी कप्तानी में विश्व कप फाइनल तक पहुंचाने वाली मिताली का मानना है कि खिताब जीतने से देश में महिला क्रिकेट पर एक क्रांतिकारी प्रभाव पड़ेगा। उन्होंने कहा, मुझे लगता है कि यह बहुत बड़ी बात होगी। मेरा मतलब है कि यह एक ऐसी चीज है जिसे सभी खिलाड़ी, चाहे कोई भी बल्ला उठाए, जो भी देश का प्रतिनिधित्व करना चाहता हो, विश्व कप जीतना चाहेगा क्योंकि अभी तक भारत ने ऐसा नहीं किया है। हां, हम दो बार करीब पहुंचे हैं लेकिन अभी तक कप नहीं जीत पाए हैं। घरेलू मैदान पर विश्व कप जीतना बहुत अच्छा होगा क्योंकि यह बिल्कुल अलग मंच है।
महिला विश्व कप 30 सितंबर से शुरू हो रहा है जिसमें भारत अपने अभियान की शुरुआत सह मेजबान श्रीलंका के खिलाफ करेगा।