भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच खेले जा रहे चौथे टेस्ट मैच के लिए दिल्ली के फिरोजशाह कोटला मैदान की पिच को लेकर कई पूर्व क्रिकेटरों ने नाराजगी जताई है।
भारत के पूर्व दिग्गज क्रिकेटर वीवीएस लक्ष्मण ने कहा कि कोटला का मैदान मैच के पहले दिन ही तीसरे दिन की तरह व्यवहार कर रहा है। उन्होंने कहा कि इस पिच पर बल्लेबाजी करना काफी मुश्किल हो गया है।
पूर्व क्रिकेटर रवि शास्त्री ने कहा कि कोटला की पिच को देखकर निराशा हो रही है। यह बेहद सूखी हुई है, यहां किसी भी बल्लेबाज के लिए बल्लेबाजी काफी मुश्किल होगी।
पाकिस्तान के पूर्व क्रिकेटर रमीज राजा ने कहा कि कोटला के क्यूरेटरों ने बेहद खराब पिच बनाई है। पहले दिन का खेल देखकर ऐसा लग रहा है कि यहां पर तीसरे दिन का खेल चल रहा है।
पिच पर भड़के ऑस्ट्रेलियाई
ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाज स्टीवन स्मिथ ने पहले दिन का खेल समाप्त होने के बाद कहा कि यह पहले दिन की पिच नहीं हो सकती। जिस तरह से गेंद अचानक उठ कर आ रही है और कभी नीचे रह रही है, ऐसा पहले दिन देखने को नहीं मिलता है।
यह वही मैदान है जिस पर भारत और श्रीलंका के बीच एक दिवसीय मैच खतरनाक उछाल के चलते रद्द कर दिया गया था। जिसके चलते फिरोजशाह कोटला को प्रतिबंध भी झेलना पड़ा। लेकिन बाद में इसी मैदान की पिच ने बीसीसीआई से सर्वश्रेष्ठ पिच का पुरस्कार भी हासिल किया।
लेकिन शुक्रवार को मैच के पहले दिन ऑस्ट्रेलियाई टीम बल्लेबाजी के लिए उतरी तो दरारों से पटी पड़ी पिच पर एक बार फिर असमान्य उछाल दिखा।
रही सही कसर 145 गेंदों में 46 रन बनाने वाले स्मिथ ने पूरी कर दी। उन्होंने कहा जिस तरह इशांत शर्मा की गेंद उछलकर फिल ह्यूज के हेलमेट पर लगी। ऐसा मैच के पहले दिन कहीं नहीं होता है। वह अच्छा खेल रहे थे। उन्हें भी ऐसे उछाल के चलते दिक्कतें आईं। यह पहले दिन ही टूट गई है। यह पिच बल्लेबाजी के लिए आसान नहीं है। उनकी कोशिश रहेगी कि बाकी के बल्लेबाज 50 रन और जोड़ें। इस स्कोर पर भारतीय बल्लेबाजों को चुनौती दी जा सकती है।
अश्विन को सिर्फ लाल काले का नजर आया फर्क
घूम रही पिच पर पहले दिन ऑस्ट्रेलिया के चार विकेट चटखाने वाले आर अश्विन से जब इस विकेट के बारे में पूछा गया तो उन्हें चेन्नई और यहां के विकेट में सिर्फ रंग का फर्क नजर आया। अश्विन ने कहा कि चेन्नई का विकेट काली मिट्टी का था और यहां का लाल मिट्टी का। काली मिट्टी पर हमेशा उछाल कम रहता है।
अश्विन ने तो आज की क्रिकेट में पुछल्ले बल्लेबाजों की बात को ही खारिज कर दिया। उन्होंने सिडल और पैटिंसन की बल्लेबाजी पर कहा कि टेस्ट क्रिकेट में जिस बल्लेबाज का औसत 30 या उससे आसपास है उसे पुछल्ला (टेल एंडर) नहीं कहा जा सकता। दरअसल इन दोनों ने अब तक अच्छी बल्लेबाजी की है।