इंग्लैंड ने श्रीलंका को शुक्रवार को पहले टेस्ट क्रिकेट मैच में 211 रन से करारी शिकस्त दी जो उसकी विदेशों में खेले गए पिछले 13 मैचों में पहली जीत है। दुनिया में बाएं हाथ के सबसे सफल स्पिनर रंगना हेराथ आउट होने वाले अंतिम बल्लेबाज थे।
रंगना हेराथ का यह आखिरी टेस्ट मैच था। उन्होंने इस मैच के बाद संन्यास लेने की पहले ही घोषणा कर दी थी। इस तरह से श्रीलंका अपने इस सफल स्पिनर को जीत से विदाई देने में नाकाम रहा।
श्रीलंका के सामने जीत के लिए 462 रन का लक्ष्य था लेकिन उसकी टीम मैच के चौथे दिन 250 रन पर ढेर हो गई। इंग्लैंड की तरफ से मोईन अली ने चार और जैक लीच ने तीन विकेट लिए।
इंग्लैंड ने पहली पारी में 139 रन की बढ़त बनाई थी और फिर गुरुवार को कीटोन जेनिंग्स के नाबाद 146 रन की मदद से अपनी दूसरी पारी छह विकेट पर 322 रन बनाकर समाप्त घोषित की थी।
श्रीलंका ने आज सुबह बिना किसी नुकसान के 15 रन से आगे खेलना शुरू किया। सलामी बल्लेबाज कौशल सिल्वा और दिमुथ करूणारत्ने ने पहले घंटे में इंग्लैंड के दमदार गेंदबाजी आक्रमण का जमकर सामना किया। मगर इन दोनों ने आक्रामक शॉट खेलने के प्रयास में अपने विकेट गंवाए।
कौशल सिल्वा (30) लीच पर स्वीप करने के प्रयास में पगबाधा आउट हुए जबकि करूणारत्ने (26) को मोईन ने अपनी ही गेंद पर कैच किया। धनंजय डीसिल्वा (21) आत्मविश्वास से भरी शुरुआत करने के बाद सुबह के सत्र के आखिरी ओवर में बेन स्टोक्स की गेंद पर कप्तान जो रूट को कैच दे बैठे।
लंच के बाद कुसाल मेंडिस (45) ने लीच पर लगातार दूसरा लंबा शॉट खेलने के प्रयास में हवा में लहराता कैच दिया। मांसपेशियों में खिंचाव के कारण गुरुवार को मैदान पर नहीं उतर पाने वाले कप्तान दिनेश चंदीमल (11) को लीच ने बोल्ड किया।
निरोशन डिकवेला (16) तीसरे सत्र की पहली गेंद पर स्लिप में मोईन को कैच दे बैठे। इसके बाद 18 रन के निजी योग पर जीवनदान पाने वाले एंजेला मैथ्यूज (53) भी अर्धशतक पूरा करके आउट हो गए।
मोईन की गेंद पर जोस बटलर ने मिडविकेट पर उनका कैच लिया। उनके बाद अकिला धनंजय (आठ) और दिलरूवान परेरा (30) पवेलियन लौटे जबकि हेराथ पांच रन बनाकर रन आउट हुए।