कनाडा की तरफ से सबसे सफल गेंदाबज फैसल जमखांडी और पीसी पिस्टोरियस रहे। दोनों के खाते में 3-3 विकेट आए। जबकि एएस गिल एक विकेट लेने में कामयाब हुए। पहली पारी के आखिर तक इंग्लैंड की टीम ने 7.66 की औसत से 50 ओवर में 383 रन का लक्ष्य निर्धारित किया।
इसके बाद दूसरी पारी की शुरुआत करने मैदान पर उतरी कनाडा की टीम का कोई भी खिलाड़ी बड़ा स्कोर करने में कामयाब न हो सका। ताश के पत्तों की तरह बिखरती इस टीम का पहला विकेट 16 रन के स्कोर पर गिरा। टीम के सलामी बल्लेबाज आर संधु शून्य के स्कोर पर चलते बने।
कनाडा की तरफ से प्रणव शर्मा ने सबसे ज्यादा (24) रन बनाए। जबकि ईडी खोखर (15), एएस गिल (0), के सिंह (0), ए पथमनाथम (14), अर्सियन खान (21), फैजल जमखांडी (11), पीसी पिस्टोरियस (0) और आरआर जोशी (0) के स्कोर पर पैवेलियन लौट गए। रॉमेल शहजाद बिना खाता खोले क्रीज पर नाबाद रहे। मैच के अंत में कनाडा की पूरी टीम 31.5 ओवर में 3.17 की औसत से सिर्फ 101 रन ही बना पाई।
इंग्लिश गेंदाबाजी की बात करें तो पी सिसोदिया टीम के सबसे सफल गेंदबाज रहे। उन्होंने 10 ओवर में 23 रन देकर 3 बल्लेबाजों को शिकार बनाया। इसके अलावा फिंच, वॉकर और हॉलमैन के खाते में 2-2 विकेट आए।