विकेटकीपर बल्लेबाज पार्थिव पटेल अपने को अनलकी नहीं समझते कि वह उसी दौर में खेल रहे हैं जिसमें महेंद्र सिंह धोनी खेल रहे हैं। उनका मानना है कि पूर्व कप्तान ने अपने अवसरों का बेहतर लाभ उठाया। पटेल के नेतृत्व में गुजरात ने 2016 में रणजी खिताब जीता था। उन्होंने भारत के लिए अंतिम टेस्ट 2018 में खेला था। जबकि पिछली बार वह वनडे प्रारूप में 2012 में खेले थे।
पार्थिव ने कहा कि मैं अपने को धोनी युग में खेलने के कारण अनलकी नहीं समझता। मैंने उनसे पहले अपना करिअर शुरू किया था। मेरे पास उनसे पहले प्रदर्शन करने का मौका था। धोनी इसलिए टीम में आए क्योंकि मैंने कुछ सीरीज अच्छी नहीं खेली और मुझे टीम से हटा दिया गया। मुझे पता है कि लोग सहानुभूति जताने के लिए ऐसा कहेंगे कि मैं गलत युग में पैदा हुआ लेकिन मेरा ऐसा मानना नहीं है। धोनी ने जो हासिल किया वह बेहद-बेहद खास था और उन्होंने ऐसा इसलिए किया कि उन्होंने अवसरों को भुनाया।