अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी से सीमित ओवरों की क्रिकेट में विशेष छाप छोड़ने वाले क्रिस गेल ने कहा कि टेस्ट क्रिकेट से अधिक चुनौतीपूर्ण कुछ भी नहीं है। यह ऐसा फॉर्मेट है, जिससे आपको जिंदगी की जटिलताओं को समझने में मदद मिलती है। भारतीय क्रिकेट बोर्ड के ऑनलाइन कार्यक्रम 'ओपन नेट्स' में मयंक अग्रवाल से बात करते हुए गेल ने कहा कि टेस्ट से मिले अनुभव के आगे बाकी चीजें फीकी हैं।
छह साल से नहीं खेला टेस्ट मैच
गेल ने अपने करियर में 103 टेस्ट मैच खेले, लेकिन 2014 के बाद उन्होंने लंबे प्रारूप में कोई मैच नहीं खेला है। गेल ने कहा, 'टेस्ट क्रिकेट सर्वश्रेष्ठ है। टेस्ट क्रिकेट खेलते हुए आपको यह सीखने का भी अवसर मिलता है कि जिंदगी कैसी जीनी है क्योंकि पांचदिवसीय क्रिकेट खेलना काफी चुनौतीपूर्ण है। यह आपकी कई तरह से परीक्षा लेता है। यह आपकी कई बार परीक्षा लेता है। यह सुनिश्चित करता है कि आप जो कुछ भी कर रहे हैं उसमें अनुशासित बने रहो।'
जिंदगी जीने का तरीका सिखाता है टेस्ट क्रिकेट
गेल पर हमेशा छोटे प्रारूपों पर ध्यान देने का आरोप लगता रहा, लेकिन इस लेफ्टहैंडर बल्लेबाज ने युवाओं को टेस्ट क्रिकेट पर ध्यान देने की सलाह दी, लेकिन साथ ही कहा कि इसमें इतना अधिक मगन नहीं होना है कि उन्हें इससे इतर जिंदगी कुछ न लगे। 40 वर्षीय इस बल्लेबाज ने कहा, 'यह आपको मुश्किल परिस्थितियों से वापसी करना भी सिखाता है। टेस्ट क्रिकेट से आपको अपने कौशल और मानसिक मजबूती का आकलन करने का मौका मिलता है। समर्पित भाव से इसे खेलो और जो भी कर रहे हो उसका आनंद लो।
18 अगस्त से 10 सितंबर तक होगा CPL
क्रिस गेल ने खिलाड़ियों का ड्राफ्ट होने से एक दिन पहले निजी कारणों का हवाला देकर कैरेबियाई प्रीमियर लीग से भी नाम वापस ले लिया। सरकार की मंजूरी मिलने पर लीग त्रिनिदाद और टोबैगो में 18 अगस्त से 10 सितंबर तक खेली जानी थी। ईएसपीएन क्रिकइन्फो के अनुसार, ‘गेल ने अपने ईमेल में लिखा है कि लॉकडाउन के कारण वह अपने परिवार और बच्चों से नहीं मिल सका जो सेंट किट्स में है और वह जमैका में था । उन्होंने कहा है कि अपने परिवार के साथ समय बिताने के लिये उन्हें ब्रेक चाहिए।’ गेल का करार सेंट लूसिया जाउक्स के साथ था। गेल वेस्टइंडीज के लिए 103 टेस्ट और 301 वन-डे खेल चुके हैं।