भारतीय टीम चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में पहुंच गई है। रोहित एंड कंपनी अभी तक इस टूर्नामेंट में अजेय है। हालांकि, मुख्य कोच गौतम गंभीर को लगता है कि अभी तक उनकी टीम ने सर्वश्रेष्ठ खेल नहीं दिखाया है। उन्हें उम्मीद है कि रविवार को फाइनल में भारत से सर्वश्रेष्ठ खेल देखने को मिलेगा। भारत ने मंगलवार को खेले गए पहले सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया को चार विकेट से हरा दिया था। इस मैच में स्टार बल्लेबाज विराट कोहली ने 84 रन की पारी खेली थी।
'परफेक्ट खेल नहीं दिखाया'
गंभीर ने मैच के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, 'अंतरराष्ट्रीय खेल में आप लगातार बेहतर प्रदर्शन करना चाहते हैं। आप यह नहीं कहते कि पूरी तरह से परफेक्ट खेल दिखाया। अभी तक हमने परफेक्ट प्रदर्शन नहीं किया है। मैं कभी भी प्रदर्शन से संतुष्ट नहीं होऊंगा।' उन्होंने उम्मीद जताई कि भारतीय टीम नौ मार्च को चैंपियंस ट्रॉफी फाइनल में ऐसा कर पाएगी।
'उम्मीद है नौ मार्च को...'
उन्होंने कहा, 'अभी हमें एक मैच और खेलना है। उम्मीद है कि वह परफेक्ट खेल होगा। हम लगातार अच्छा प्रदर्शन करना चाहते हैं और क्रिकेट के मैदान पर बेरहम, लेकिन मैदान से बाहर विनम्र रहना चाहते हैं।' भारत ने चार स्पिनरों को उतारने, अक्षर पटेल को पांचवें नंबर पर भेजने और केएल राहुल को छठे नंबर पर उतारने जैसे साहसिक फैसले भी लिए। बाहर से यह भले ही अतार्किक लगे, लेकिन गंभीर के लिए रणनीति में ये मामूली बदलाव खिलाड़ियों को ‘कम्फर्ट जोन’ से बाहर रखकर सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कराने के लिए जरूरी है।
'पूरा ध्यान फाइनल मैच पर'
गंभीर ने कहा, 'क्रिकेट का मतलब अपने कम्फर्ट जोन से बाहर निकलना ही है। आप इसी तरह से निखरते हैं। अगर सभी कम्फर्ट जोन में रहेंगे तो जड़ता आ जाएगी। हमारे ड्रेसिंग रूम में सब कम्फर्ट जोन से बाहर रहते हैं, चाहे कोचिंग स्टाफ हो या खिलाड़ी और आगे भी वही करेंगे जो भारतीय क्रिकेट के लिए अहम है।' भारत के पूर्व सलामी बल्लेबाज ने कहा कि चैंपियंस ट्रॉफी के बाद वह भविष्य की रणनीति बनाएंगे। उन्होंने कहा, 'मैं वर्तमान में रहना पसंद करता हूं और इस समय पूरा फोकस फाइनल पर है। इसके बाद दीर्घकालिन रणनीति बनाएंगे, लेकिन वह नौ मार्च के बाद होगा।'