बेहद कम समय में तीनों प्रारूपों में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में डेब्यू करने वाले भारतीय तेज गेंदबाज हर्षित राणा ने अपनी निरंतरता और शीर्ष स्तर पर खेल के अनुकूल ढलने का श्रेय जसप्रीत बुमराह को दिया है। 23 साल के राणा ने दिसंबर में बॉर्डर गावस्कर ट्रॉफी के दौरान टेस्ट क्रिकेट में डेब्यू किया और इंग्लैंड के खिलाफ हाल ही में संपन्न टी20 और वनडे सीरीज में सीमित ओवरों की टीम में डेब्यू किया।
ऑस्ट्रेलिया दौरे पर उन्हें बुमराह के साथ खेलने का मौका मिला। राणा ने बांग्लादेश पर चैम्पियंस ट्रॉफी के पहले मैच में गुरुवार को छह विकेट से मिली जीत के बाद कहा, 'मुझे जसप्रीत भाई के साथ गेंदबाजी करके काफी फायदा मिला। उनके पास काफी अनुभव है और वह हमेशा मुझे मार्गदर्शन देते रहे हैं।'
उन्होंने कहा, 'हम ऑस्ट्रेलिया में टेस्ट मैचों के बारे में और विभिन्न प्रारूपों के बारे में बात करते थे। मुझे इससे काफी फायदा मिला। मैंने उनसे निरंतरता सीखी है।' राणा ने भारत के गेंदबाजी कोच मोर्ने मोर्कल की भी तारीफ की जिन्होंने उनकी लाइन और लेंथ पर काम किया। उन्होंने कहा, 'मैंने मोर्कल से भी बहुत कुछ सीखा। उन्होंने मेरी लाइन और लेंथ पर काफी काम किया है। कप्तान और कोच से भी सहयोग मिला जिसकी वजह से ही मैं खेल रहा हूं। मुझे शुरूआत में मौके नहीं मिले, लेकिन मैंने इंतजार किया मैं अभ्यास में हमेशा अपना शत प्रतिशत देता था।'
भारतीय टीम ने शुभमन गिल के शतक की मदद से बांग्लादेश को चैंपियंस ट्रॉफी के अपने पहले मुकाबले में छह विकेट से हरा दिया है। मोहम्मद शमी की अगुआई में भारतीय गेंदबाजों ने शानदार प्रदर्शन किया था और बांग्लादेश को 49.4 ओवर में 228 रन पर रोक दिया था। जवाब में भारत ने गिल के 129 गेंदों पर नौ चौकों और दो छक्कों की मदद से नाबाद 101 रनों की बदौलत 46.3 ओवर में चार विकेट पर 231 रन बनाकर मैच जीता। भारतीय टीम ने इस तरह चैंपियंस ट्रॉफी में अपने अभियान की शुरुआत जीत के साथ ती।