इससे एक नया विवाद शुरू हो गया है और पाकिस्तान की शर्मनाक हरकत सामने आई है। इसने सोशल मीडिया पर बहस भी शुरू कर दिया है। हालांकि, अमर उजाला न तो इस वीडियो की पुष्टि करता है और न ही भारतीय ध्वज की अनुपस्थिति के पीछे का सही कारण पता चल सका है। कराची स्टेडियम न्यूजीलैंड, दक्षिण अफ्रीका, अफगानिस्तान, पाकिस्तान और इंग्लैंड टीमों के मैचों की मेजबानी करेगा। टूर्नामेंट शुरू होने से दो दिन पहले ही यह वीडियो सामने आया। इसमें भाग लेने वाले अन्य सात देशों के झंडे देखे जा सकते हैं। इस मैदान पर ऑस्ट्रेलिया, बांग्लादेश के भी मैच नहीं होने हैं, लेकिन उनके झंडे भी लगाए गए हैं। ऐसे में फैंस हैरान रह गए कि पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) द्वारा इस तरह की ओछी हरकत क्यों की गई है।
भारतीय टीम ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए चैंपियंस ट्रॉफी के लिए पाकिस्तान की यात्रा करने से इनकार कर दिया था। इसकी वजह से पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड और आईसीसी को टूर्नामेंट को हाइब्रिड मोड में बदलने के लिए मजबूर होना पड़ा था। इस मॉडल के तहत भारत अगर नॉकआउट राउंड के लिए क्वालिफाई करता है तो उसे सेमीफाइनल और फाइनल समेत अपने सभी मैच दुबई में खेलने होंगे। बीसीसीआई, पीसीबी और आईसीसी के बीच हुए समझौते के तहत पाकिस्तान क्रिकेट टीम भी आगामी वर्षों में भारत की मेजबानी में होने वाले आईसीसी आयोजनों में अपने मैच भारत में नहीं खेलेगी।