सोमवार को मुंबई में बीसीसीआई की 85वीं वार्षिक बैठक हुई। इस बैठक में कई अहम फैसले लिए गए। खासकर 'हितों के टकराव' मामले में। निलंबित बीसीसीआई चीफ श्रीनिवासन, टीम डायरेक्टर रवि शास्त्री और स्टुअर्ट बिन्नी के पिता और टीम सलेक्टर रोजर बिन्नी को झटके लगे हैं।
जैसा कि माना जा रहा था कि हितों के टकराव मामले में नए बीसीसीआई अध्यक्ष शशांक मनोहर काफी गंभीर है। बैठक में सर्वसम्मति के साथ श्रीनिवासन को आईसीसी की चैयरमैन की कुर्सी से बाहर करने का फैसला लिया गया। उनके स्थान पर बीसीसीआई अध्यक्ष शशांक मनोहर आ सकते हैं।
श्रीनिवासन आईसीसी के पहले चैयरमैन हैं। जिन्हें दो साल के लिए नियुक्त किया गया था। बीसीसीआई अध्यक्ष पद निलंबन से पहले उनका क्रिकेट में पूरा वर्चस्व था। लेकिन सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद उनको न सिर्फ बीसीसीआई के अध्यक्ष पद से हाथ धोना पड़ा बल्कि उनकी कंपनी और चेन्नई सुपरकिंग्स की सहमालिक इंडिया सीमेंट को भी झटका लगा।
टीम इंडिया के वनडे और टी-20 कप्तान महेंद्र सिंह धोनी की टीम चेन्नई सुपरकिंग्स सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद दो साल के लिए आईपीएल से बाहर हो गई है। चेन्नई सुपरकिंग्स के अलावा राजस्थान रॉयल्स पर भी आईपीएल टूर्नामेंट खेलने से दो साल के लिए प्रतिबंध लगा है।