इंग्लैंड के स्टार ऑलराउंडर और टेस्ट कप्तान बेन स्टोक्स ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लेने का चौंकाने वाला फैसला किया है। न्यूजीलैंड के खिलाफ ट्रेंट ब्रिज में खेला जा रहा तीसरा टेस्ट मैच उनके अंतरराष्ट्रीय करियर का आखिरी मुकाबला होगा। स्टोक्स ने तीसरे टेस्ट के चौथे दिन यह बड़ा फैसला लिया। बताया जा रहा है कि उन्होंने रविवार सुबह अपने साथियों और इंग्लैंड एवं वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ईसीबी) को अपने संन्यास के फैसले की जानकारी दे दी थी। हालांकि मैच से पहले प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने यह संकेत जरूर दिया था कि मौजूदा टेस्ट उनका आखिरी अंतरराष्ट्रीय मैच हो सकता है।
15 साल के शानदार करियर का होगा अंत
बेन स्टोक्स का अंतरराष्ट्रीय करियर करीब 15 वर्षों तक चला। इस दौरान उन्होंने इंग्लैंड के लिए कई यादगार पारियां खेलीं और अपनी आक्रामक कप्तानी से टीम को नई पहचान दिलाई। पिछले चार वर्षों से वह इंग्लैंड की टेस्ट टीम की कप्तानी कर रहे थे।
विवादों के बीच लिया फैसला
स्टोक्स हाल ही में उस समय चर्चा में आए थे, जब लॉर्ड्स टेस्ट में जीत के बाद चेल्सी के एक नाइटक्लब में देर रात जश्न मनाने को लेकर ईसीबी और क्रिकेट रेगुलेटर ने जांच शुरू की थी। इस कारण वह द ओवल में खेले गए दूसरे टेस्ट में टीम का हिस्सा नहीं बने थे। जांच के बाद उन्हें केवल लिखित चेतावनी दी गई और किसी अन्य कार्रवाई से राहत मिल गई।
तीसरे टेस्ट में भी दिखाया जज्बा
संन्यास की घोषणा के बावजूद स्टोक्स ने ट्रेंट ब्रिज टेस्ट में पूरी प्रतिबद्धता दिखाई। उन्होंने न्यूजीलैंड के खिलाफ इंग्लैंड की वापसी की कोशिश में लंबे स्पेल फेंके और टीम के लिए पूरा दमखम लगाया।
इंग्लैंड क्रिकेट के लिए बड़ा झटका
बेन स्टोक्स का संन्यास इंग्लैंड क्रिकेट के लिए एक बड़े युग का अंत माना जा रहा है। अपनी ऑलराउंड क्षमता, नेतृत्व और मैच जिताने वाले प्रदर्शन के दम पर उन्होंने इंग्लैंड क्रिकेट में एक खास पहचान बनाई। उनके संन्यास के बाद इंग्लैंड को नए कप्तान और अनुभवी ऑलराउंडर की तलाश करनी होगी।