फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जासूसी प्रकरण में पूर्व बीसीसीआई सचिव ने किया खुद का बचाव

Sat, 21 Nov 2015 11:41 AM IST
अमर उजाला, दिल्ली
विज्ञापन
विज्ञापन
बीसीसीआई के पूर्व सचिव संजय पटेल ने अपने बचाव में कहा है कि पिछले पदाधिकारियों के कार्यकाल में जिस ब्रिटिश कंपनी पेज प्रोटेक्शन सर्विसेज की सेवाएं ली थी उसने उनके सचिव रहते किसी बोर्ड अधिकारी की जासूसी नहीं की।
विज्ञापन


बीसीसीआई ने पत्र लिखकर पटेल को कथित तौर पर बीसीसीआई के कुछ प्रमुख अधिकारियों की चौबीस घंटे जासूसी करने के लिए किए गए नौ लाख डॉलर के भुगतान पर स्पष्टीकरण मांगा था।

यह तब हुआ जब बीसीसीआई में श्रीनिवासन का दबदबा था। पटेल ने कहा कि मैंने पिछले मार्च में जिस दिन पद छोड़ा उसी दिन बीसीसीआई का अपना ईमेल एकाउंट बंद कर दिया था।
विज्ञापन


उन्होंने कहा मैंने बीसीसीआई से करार की प्रति मांगी है क्योंकि मेरे पास कोई दस्तावेज नहीं है। एक बार जब मुझे वे यह दे देंगे तो मैं अपना जवाब उन्हें भेज दूंगा लेकिन मैं स्पष्ट करता हूं कि किसी व्यक्ति की जासूसी करने के लिए कंपनी को निर्देश नहीं दिए थे।

पटेल से जब यह पूछा गया कि इस तरह की कंपनी की सेवाएं क्यों ली गई तो पटेल ने जवाब दिया कि मुझे नहीं लगता कि यहां किसी कार्य का आदेश दिया गया था।

एक समय था जब बीसीसीआई का ईमेल हैक कर दिया गया था। ट्विटर के जरिए महत्वपूर्ण दस्तावेजों को लीक होने से बचाने के लिए हमने इस कंपनी के साथ करार किया था। उन्होंने कहा कि गहन जांच-पड़ताल के बाद ही सब कुछ किया गया।

पटेल ने कहा कि सुरक्षा के लिए ऐसा किया गया। हमने कभी उनसे किसी व्यक्ति की जासूसी के लिए नहीं कहा। कंपनी ने 50 पेज की रिपोर्ट बीसीसीआई को दी थी जिसमें बताया गया है कि बोर्ड की सुरक्षा के लिए क्या उपाय अपनाने की जरूरत है। उन्होंने कहा इसलिए जासूसी का आरोप सहीं नहीं है।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें