भारत और वेस्टइंडीज के बीच दो मैच की टेस्ट सीरीज में शुभमन गिल तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी कर रहे हैं। इस सीरीज की शुरुआत से पहले ही कोच द्रविड़ ने गिल से पूछा था कि वह किस नंबर पर खेलना चाहते हैं और गिल ने कहा था कि उन्हें तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी करना पसंद है। इसके बाद गिल को ही तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी के लिए भेजा जा रहा है, लेकिन अब तक वह कुछ खास नहीं कर पाए हैं।
सीरीज के पहले मैच में भारत ने पारी और 141 रन के अंतर से जीत हासिल की। इस वजह से गिल को सिर्फ एक बार बल्लेबाजी का मौका मिला और वह छह रन बनाकर आउट हो गए। दूसरे मैच की पहली पारी में भी गिल 10 रन ही बना सके। हालांकि, गिल के पास तीसरे नंबर पर खुद को साबित करने के लिए काफी समय है, लेकिन पूर्व भारतीय क्रिकेटर वसीम जाफर का मानना है कि गिल को जल्द ही तीसरे नंबर पर खेलने की आदत डालनी होगी। खासकर धीमी और ऐसी पिच पर, जहां उछाल कम हैं।
जाफर ने कहा, "इसको बड़े नजरिए से देखें तो यह अच्छा है कि वह तीन नंबर पर लंबे समय के लिए बल्लेबाजी करना चाहते हैं, लेकिन शुरुआत वैसी नहीं हुई है जैसी वह चाहते थे। दूसरे टेस्ट की पहली पारी में उनके पास एक अच्छा मौका था, विकेट अच्छा था, टीम को अच्छी शुरुआत मिली थी। मुझे लगा उन्होंने काफी ढीला शॉट खेला, वह भी अपनी विकेट से निराश होंगे और इसलिए उन्हें मजबूत होने की जरूरत है। जब गेंद बल्ले की तरफ चढ़कर और तेज आती है तो वह सहज महसूस करते हैं, क्योंकि वह काफी ज्यादा सीमित ओवर क्रिकेट खेलते हैं और गेंद को उसके उछाल के साथ मारना पसंद करते हैं। गिल को वो सफेद गेंद की तेज गति की आदत है, लेकिन टेस्ट क्रिकेट में ऐसी पिच पर, शायद वह जब भारत में खेलेंगे उनके लिए गेंद को उछाल के साथ मारना आसान नहीं होगा। गिल को समझना होगा और उन परिस्थितियों के लिए अपने खेल में सुधार करना होगा।"
जाफर ने युवा बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल की शानदार बल्लेबाजी की सराहना करते हुए कहा कि उनके करियर की शुरुआत जैसी हुई है वैसी तो बस बहुत से खिलाड़ी केवल सपने में ही सोच सकते हैं। जाफर ने कहा, "वह एक ड्रीम शुरुआत रही है, इसमें कोई शक नहीं हैं। किसी भी खिलाड़ी के लिए जो अपने पहले टेस्ट की पहली पारी में 171 रन और दूसरे में अर्धशतक लगाता है, वैसी शुरुआत तो किसी खिलाड़ी के सपने की तरह है। वह सही दिशा में जा रहे हैं। मैं यशस्वी को 2013-14 से जानता हूं जब से वह कोच ज्वाला सिंह से प्रशिक्षण ले रहे हैं और मैं भी उसका हिस्सा था।"