ऑस्ट्रेलिया और वेस्टइंडीज के बीच टेस्ट सीरीज का पहला मैच ऑस्ट्रेलिया ने 164 रन से जीत लिया। ऑस्ट्रेलिया ने मैच की पहली पारी में चार विकेट खोकर 598 रन बनाए थे। इसके जवाब में वेस्टइंडीज ने 283 रन बनाए। दूसरी पारी में ऑस्ट्रेलिया ने दो विकेट खोकर 182 रन बनाए थे। दूसरी पारी में विस्टइंडीज की टीम 333 रन ही बना पाई और 164 रन से हार गई। ऑस्ट्रेलिया के लिए मार्नस लाबुशेन ने पहली पारी में 204 और दूसरी पारी में नाबाद 104 रन बनाए। मैच में कुल 308 रन बनाने के लिए उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया।
ऑस्ट्रेलिया के लिए नाथन लियोन ने मैच में आठ विकेट लिए। इसके साथ ही लियोन टेस्ट में सबसे ज्यादा विकेट लेने के मामले में आठवें नंबर पर आ गए हैं। उन्होंने कुल 446 विकेट लिए हैं और नाथन लियोन को पीछे छोड़ दिया है। इसके बाद उन्होंने कहा "किसी भी सीरीज का पहला टेस्ट जीतना महत्वपूर्ण है। हम टेस्ट क्रिकेट खेल रहे हैं और हम उम्मीद करते हैं मुश्किल मैच हों" मैं उस एक (ब्रैथवेट के विकेट) से बहुत खुश था, वह एक सुपरस्टार बल्लेबाज हैं।"
वेस्टइंडीज की टीम 25 साल से ऑस्ट्रेलिया में टेस्ट सीरीज नहीं जीत पाई है और अब यह इंतजार और भी लंबा हो गया है। दो मैच की टेस्ट सीरीज का पहला मुकाबला जीतकर ऑस्ट्रेलिया ने सीरीज में अजेय बढ़त ले ली है।
पहली पारी में लगे दो दोहरे शतक
ऑस्ट्रेलिया के मार्नस लाबुशेन और स्मिथ ने पहली पारी में दोहरे शतक लगाए और कंगारू टीम ने पहली पारी चार विकेट पर 598 रन बनाकर घोषित की। यहीं से वेस्टइंडीज की टीम पिछड़ गई थी और कभी वापसी नहीं कर पाई। वेस्टइंडीज ने पहली पारी में 283 रन बनाए। इसके जवाब में लाबुशेन ने फिर शतक लगाते हुए नाबाद 104 रन जड़ दिए। वह दुनिया के आठवें खिलाड़ी बने, जिन्होंने एक ही मैच में दोहरा शतक और शतक लगाया। उनसे पहले सुनील गावस्कर, ब्रायन लारा और कुमार संगकारा जैसे दिग्गज यह कारनामा कर चुके हैं।
जवाब में वेस्टइंडीज को 283 रन पर आउट करने के बाद, लेबुस्चगने ने नाबाद 104 रन बनाकर उसी टेस्ट में 200-100 उपलब्धि हासिल करने वाले केवल आठवें खिलाड़ी बन गए, की पसंद में शामिल हो गए।
वेस्टइंडीज के लिए कप्तान ब्रैथवेट और तेगनारायण चंद्रपॉल ने अच्छा प्रदर्शन किया। दोनों ने 78 और 116 रन की ओपनिंग साझेदारी की। हालांकि वेस्टइंडीज के गेंदबाजों ने इस मैच में 780 रन दे दिए और सिर्फ छह विकेट ले सके। ऑलराउंडर रेमन रीफर, बल्लेबाज बूनर चोट की वजह से पूरा मैच नहीं खेल सके। मेयर भी चोट की वजह से दूसरी पारी में गेंदबाजी नहीं कर पाए। केमार रोच भी चोटिल होकर मैदान में ही गिर गए। चोट से परेशान वेस्टइंडीज की टीम में मार्क्विनो मिंडले को शामिल किया गया है। उन्होंने अब तक कोई अंतरराष्ट्रीय मैच नहीं खेला है।