धर्मशाला में आॅस्ट्रेलिया के खिलाफ चौथे टेस्ट मैच के तीसरे दिन भारतीय गेंदबाजों ने 17 साल बाद एक खास कारनामा दोहराया। तीसरे दिन भारत की पहली पारी को 332 रन पर समेटने के बाद अपनी दूसरी पारी खेलने उतरी कंगारु टीम को भारतीय गेंदबाज उमेश यादव, आर अश्विन और रविन्द्र जडेजा की तिकड़ी ने मात्र 137 रन पर ही ढ़ेर दिया। तीनों स्टार गेंदबाजों ने तीन-तीन विकेट हासिल किए। 2000 के बाद यह पहला मौका है जब तीन भारतीय गेंदबाजों ने एक ही पारी में तीन-तीन विकेट हासिल किए। इससे पहले इर्डन गार्डन में खेले गए टेस्ट मैच में भारतीय गेंदबाजों की तिकड़ी ने न्यूजीलैंड के खिलाफ यह कारनामा किया था।
हालांकि भारत को जीत के लिए 87 रन की दरकार है और अभी उसके हाथ में दस विकेट हैं। दिन का खेल समाप्त होने तक मेजबान ने बिना किसी नुकसान के 19 रन बना लिए हैं। ओपनर लोकेश राहुल (13) और मुरली विजय (6) मैदान पर जमे हुए हैं। तीसरे दिन की शुरुआत करते हुए भारत ने छह विकेट पर 248 रन से आगे खेलना शुरू किया और अपनी पहली पारी में 332 बनाकर 32 रन की मामूली बढ़त हासिल की। हालांकि भारतीय गेंदबाजों ने आॅस्ट्रेलिया की दूसरी पारी को 137 रन पर समेटने के बाद जीत की ओर बढ़ गई है।
मेहमान टीम की ओर से ग्लेन मैैक्सवेल (45) के अलावा कोई भी बल्लेबाज भारतीय गेंदबाजों की चुनौती का सामना नहीं कर पाया। पहली पारी में शतक जड़ने वाले कप्तान स्टीव स्मिथ भी दूसरी पारी में 17 रन ही भुवनेश्वर की गेंद पर बोल्ड होकर चलते बने। वहीं आर अश्विन ने मैक्सवेल को पगबाधा किया।