18 बरस के मुजीब उर रहमान इस महीने के आखिर में इंग्लैंड में होने वाले वन डे क्रिकेट विश्व कप में अफगानिस्तान की स्पिन त्रिमूर्ति के तुरुप के इक्के साबित होंगे।
रहस्यमय स्पिनर बताए जा रहे मुजीब उर रहमान ने मंगलवार को 'अमर उजाला’ के सवाल के जवाब में कहा, "अब हमारी अफगानिस्तान की टीम वन डे विश्व कप सहित दुनिया की किसी भी बड़े टूर्नामेंट में महज शिरकत करने के लिए जीत के इरादे से उतरती है। इंग्लैंड में इस महीने के आखिर में होने वाले विश्व कप में हमारी अफगानिस्तान की टीम सेमीफाइनल में पहुंचने का दम रखती है। मैं अपने कंधे की चोट से पूरी तरह उबर कर विश्व कप में पूर जोश के साथ गेंदबाजी करने का बेताबी से इंतजार कर रहा हूं। मैंने आईपीएल में अपने पहले सीजन में अच्छी गेंदबाज करने के बाद दूसरे सीजन में अच्छी गेंदबाजी की यह बात और है कि कोई दिन विशेष बतौर गेंदबाज आपके लिए अच्छा न रहे।’
मूलत: ऑफ स्पिनर मुजीब लेग स्पिन और गुगली तक फेंकने की क्षमता के चलते ही रहस्यमय स्पिनर हैं। उन्होंने कहा, 'मैं बतौर गेंदबाज यही कोशिश करता हूं कि मैं सही जगह गेंद डाल कर बल्लेबाजों को छकाउं। मुझे लोग रहस्यमय स्पिनर इसीलिए कहते हैं कि मैं अलग-अलग बल्लेबाज के खिलाफ बराबर अलग -अलग ढंग से गेंदबाजी करने की कोशिश करता हूं। मैं गेंदबाजी करते हुए ज्यादा से ज्यादा विविधतापूर्ण गेंदबाजी की जुगत में बराबर लगा रहता हूं। बतौर गेंदबाज मेरी कोशिश प्रतिद्वंद्वी बल्लेबाज को जेहन को पढ़ कर उसी की मुताबिक गेंदबाजी करने की होती है। मैं अफगानिस्तान टीम में मेरे साथी अनुभवी लेग स्पिनर राशिद खान और ऑफ स्पिनर मोहम्मद नबी तीनों अलग-अलग किस्म के गेंदबाज हैं। दरअसल मैं अपने दोनों वरिष्ठ साथी स्पिनर राशिद खान और मोहम्मद नबी से अपनी गेंदबाजी और टीम की रणनीति के मुताबिक गेंदबाजी करने की चर्चा कर सीखने की पुरजोर कोशिश करता हूं। रही बात इस बार विश्व कप में इंग्लैंड की पिचों के धीमे रहने के तो मैं अपने कप्तान से इस पर चर्चा कर गेंदबाजी करने की कोशिश करूंगा।’
मुजीब रहमान कहते हैं, 'मैं आईपीएल में भारत के अनुभवी स्पिनर रविचंद्रन अश्विन से गेंदबाजी की बारीकियों की बाबत चर्चा कर स्पिन गेंदबाजी के बहुत गुर सीखे। अश्विन से सीखे गुरों को मैं अब इंग्लैंड में अमली जामा पहना कर विश्वकप विकेट चटकाने में कसर नहीं छोड़ूंगा।’
अफगानिस्तान क्रिकेट के मुख्य चयनकर्ता दौलतखान अहमद जई ने 'अमर उजाला’ से कहा, 'मैं यह मानने को तैयार नहीं हूं कि हमारी टीम की बल्लेबाजी कमजोर है। हमें अपनी बल्लेबाजी को जरूर कुछ व्यवस्थित करने की जरूरत है। हमारी में इस बार लेग स्पिनर रशीद खान के साथ रहस्यमय स्पिनर मुजीब उर रहमान है। हमारी टीम की निगाहें इस बार इंग्लैंड विश्व कप के सेमीफाइनल में जगह बनाने पर टिकीं हैं और हममें इस मुकाम तक पहुंचने का दम है। वन डे कप्तान को बदलने पर उठे बवाल और इसकी स्पिनर राशिद खान और मोहम्मद नबी द्वारा की आलोचना का सवाल है तो इस बाबत इन दोनों से बात और संवाद के बाद यह मसला सुलझ चुका और हमारी अफगानिस्तान की टीम विश्व कप में एक इकाई के रूप में बेहतरीन प्रदर्शन को बेताब है।’
दौलत कहते हैं, 'इंग्लैंड में होने वाले विश्व कप में मैं मेजबान इंग्लैड को खिताब जीतने का सबसे प्रबल दावेदार मानता हूं। खिताब की दावेदारी में दूसरा सबसे मजबूत दावा भारत का है और उसके बाद ऑस्ट्रेलिया का ।