फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

क्या है अभिषेक शर्मा का गेमप्लान?: जीत की आदत, ट्रॉफी का लक्ष्य और गेंदबाजों की रणनीति; बल्लेबाज ने किए खुलासे

Mon, 05 Oct 2026 04:48 PM IST
मयंक त्रिपाठी स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

अभिषेक शर्मा ने कहा कि भारत के लिए चुनौती हालिया सफलताओं को दोहराकर जीत को आदत बनाने की है। उन्होंने व्यक्तिगत रिकॉर्ड के बजाय टीम को ट्रॉफी जिताने को अपना लक्ष्य बताया और कहा कि आक्रामक बल्लेबाजी के साथ वह विपक्षी गेंदबाजों की रणनीति समझकर तैयारी कर रहे हैं। उन्होंने युवा वैभव सूर्यवंशी को सहज माहौल देने और उसका आत्मविश्वास बढ़ाने की जिम्मेदारी भी बताई।

विज्ञापन
अभिषेक शर्मा - फोटो : ANI
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

एशियन गेम्स में भारत के स्वर्ण पदक अभियान का हिस्सा बनने के बाद सलामी बल्लेबाज अभिषेक शर्मा की नजरें अब अगले लक्ष्य पर हैं। वेस्टइंडीज के खिलाफ शुरू होने वाले नए घरेलू सत्र से पहले अभिषेक ने साफ किया है कि भारतीय टीम के लिए असली चुनौती हालिया सफलताओं को दोहराने और जीत को आदत में बदलने की है। उनके लिए व्यक्तिगत उपलब्धियों से ज्यादा महत्वपूर्ण टीम को ट्रॉफी जिताना और मैदान पर लगातार प्रभाव छोड़ना है।
विज्ञापन

अभिषेक शर्मा - फोटो : IANS
'जीत को आदत बनाने के लिए मेहनत लगती है'
अभिषेक का मानना है कि किसी बड़ी प्रतियोगिता में एक बार सफलता हासिल करना अपेक्षाकृत आसान हो सकता है, लेकिन उसी प्रदर्शन और प्रक्रिया को बार-बार दोहराना असली चुनौती है। उन्होंने कहा कि अगर टीम के भीतर हर खिलाड़ी एक-दूसरे के लिए प्रदर्शन करने और भारत को जीत दिलाने की भूख रखता है तो लगातार सफलता हासिल करना आसान हो जाता है।

उन्होंने कहा, 'एक बार करना अभी भी आसान है, लेकिन उसे आदत बनाना और बार-बार करना आसान नहीं है। प्रक्रिया को वही बनाए रखना चुनौती है। अगर टीम का माहौल ऐसा हो कि हर कोई एक-दूसरे के लिए प्रदर्शन करना और भारत को जिताना चाहता हो, तो यह आदत बन जाती है और निश्चित रूप से मदद करती है।'

अभिषेक शर्मा - फोटो : IANS
आंकड़ों से ज्यादा टीम की जीत पर ध्यान
  • 26 वर्षीय अभिषेक ने अपने आक्रामक खेल के पीछे की सोच भी साझा की। उनका कहना है कि उन्होंने घरेलू क्रिकेट के दिनों से ही व्यक्तिगत रिकॉर्ड और मील के पत्थर के बजाय टीम पर प्रभाव डालने को प्राथमिकता दी है।
  • अभिषेक के मुताबिक, पंजाब की घरेलू टीम के साथ खेलते हुए उनकी सोच में बड़ा बदलाव आया। 2024 में घरेलू टी20 प्रतियोगिता जीतने के बाद उनके भीतर यह विश्वास और मजबूत हुआ कि बल्लेबाज के हाथ में अपने आंकड़े नहीं, बल्कि मैच पर उसका प्रभाव होता है।
  • उन्होंने कहा कि उनका एकमात्र लक्ष्य ट्रॉफियां जीतना रहा है। चाहे विपक्षी टीम कोई भी हो, वह इसी सोच के साथ बल्लेबाजी करना चाहते हैं कि टीम के लिए कितना प्रभाव छोड़ा जा सकता है।
  • इस आक्रामक अंदाज को अपनाने में टीम के खिलाड़ियों, कप्तान, कोच और सहयोगी स्टाफ के समर्थन की भी अहम भूमिका रही है। अभिषेक का मानना है कि जिस तरह उन्हें शुरुआत में अपनी शैली के साथ खेलने की आजादी मिली, उसी तरह टीम में आने वाले युवा खिलाड़ियों को भी खुद को साबित करने का मौका और भरोसा मिलना चाहिए।

वैभव सूर्यवंशी - फोटो : IANS
15 साल के वैभव को सहज महसूस कराना चाहते हैं अभिषेक
  • भारतीय टीम में युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी के साथ अभिषेक की भूमिका सिर्फ सलामी जोड़ीदार की नहीं, बल्कि एक बड़े भाई जैसी भी नजर आ रही है। 15 वर्षीय वैभव ने कम उम्र में ही क्रिकेट की दुनिया में काफी अनुभव हासिल कर लिया है और अभिषेक का मानना है कि वह अपनी उम्र के सामान्य खिलाड़ियों से काफी अलग है।
  • उन्होंने कहा कि वैभव पिछले दो-तीन साल से क्रिकेट के व्यवस्थित माहौल में है, इसलिए उसे पता है कि कब, कहां और कितना अभ्यास करना है। हालांकि, टीम के वरिष्ठ खिलाड़ी यह सुनिश्चित करना चाहते हैं कि वह ड्रेसिंग रूम में दबाव महसूस न करे और खुद को टीम का हिस्सा माने।
  • अभिषेक ने कहा कि उन्हें लगता है कि वैभव को सहज महसूस कराना उनकी जिम्मेदारी भी है। उन्होंने युवा बल्लेबाज को सलाह दी है कि वह अपने खेल का आनंद ले, अपना सर्वश्रेष्ठ दे और जब भी मौका मिले, टीम को जीत दिलाने की कोशिश करे।

अभिषेक शर्मा - फोटो : IANS
सिर्फ आक्रामक बल्लेबाजी नहीं, गेंदबाजों की सोच भी पढ़ रहे अभिषेक
अभिषेक की बल्लेबाजी को अक्सर उनकी आक्रामक शैली के लिए जाना जाता है, लेकिन उनका कहना है कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सिर्फ जाकर बड़े शॉट खेलना पर्याप्त नहीं है। विश्व स्तरीय गेंदबाज उन्हें आसान रन नहीं देंगे, इसलिए वह विपक्षी टीम की रणनीति को पहले से समझने की कोशिश कर रहे हैं। इसके लिए अभिषेक अपने वीडियो विश्लेषक के साथ मिलकर अलग तरह से तैयारी कर रहे हैं। वह खुद को विपक्षी टीम के गेंदबाज की भूमिका में रखकर सोचते हैं कि अगर उन्हें अभिषेक शर्मा के खिलाफ गेंदबाजी योजना बनानी हो तो वह क्या करेंगे।

उन्होंने बताया कि वह वीडियो विश्लेषक से यह कल्पना करने के लिए कहते हैं कि अगर वह किसी विपक्षी टीम के साथ काम कर रहे होते तो अभिषेक के खिलाफ किस तरह की गेंदबाजी योजना बनाते। इसके बाद वह उन वीडियो का अध्ययन करते हैं और खुद को उन परिस्थितियों के लिए तैयार करते हैं, जहां गेंदबाज उनकी पसंद के क्षेत्रों में गेंदबाजी नहीं करेंगे। अभिषेक के मुताबिक, अब उनकी तैयारी का हिस्सा यह मानकर चलना है कि विपक्षी गेंदबाज उन्हें आसान रन नहीं देंगे और उन्हें परिस्थितियों के अनुसार अपने खेल में बदलाव करना होगा।
विज्ञापन

अभिषेक शर्मा - फोटो : IANS
वेस्टइंडीज के खिलाफ अगली परीक्षा
एशियन गेम्स और विश्व कप जैसी सफलताओं के बाद वेस्टइंडीज के खिलाफ घरेलू सीरीज भारत के लिए अपनी जीत की लय को आगे बढ़ाने का नया मौका है। अभिषेक के लिए भी यह सीरीज अहम होगी, जहां उनसे पारी की शुरुआत करते हुए आक्रामक क्रिकेट खेलने और टीम को तेज शुरुआत देने की उम्मीद रहेगी।

हालांकि, अभिषेक की बातों से साफ है कि उनका ध्यान केवल व्यक्तिगत प्रदर्शन पर नहीं है। वह जीत को एक बार की उपलब्धि नहीं, बल्कि टीम की आदत बनाना चाहते हैं। साथ ही, वह अपनी आक्रामक बल्लेबाजी को बेहतर तैयारी, विपक्षी गेंदबाजों की सोच को समझने और युवा खिलाड़ियों को आत्मविश्वास देने के साथ आगे बढ़ाना चाहते हैं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें